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ट्रंप ने किम जोंग से मुलाकात को लेकर नॉर्थ कोरिया के सामने रखी यह शर्त

साराह सैंडर्स ने कहा कि दोनों नेताओं के बीच यह बैठक तब तक नहीं हो सकती जब तक कि उत्तर कोरिया कुछ ऐसे ठोस कदम नहीं उठा लेता।

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Mohit sharma

Mar 10, 2018

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नई दिल्ली। व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव ने शुक्रवार को कहा कि अमरीका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप उत्तर कोरिया के सर्वोच्च नेता से तब तक नहीं मिलेंगे, जब तक उत्तर कोरिया कुछ ठोस कदम नहीं उठा लेता, जिसका उसने वादा किया है। साराह सैंडर्स ने संवाददाता सम्मेलन में कहा कि दोनों नेताओं के बीच यह बैठक तब तक नहीं हो सकती जब तक कि उत्तर कोरिया कुछ ऐसे ठोस कदम नहीं उठा लेता, जिसके बारे में उसने वादा किया है।

वादों के आधार पर वार्ता

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, प्रवक्ता ने इस बात की पुष्टि नहीं की कि ट्रंप और किम जोंग के बीच यह बैठक कब और कहां होगी। हालांकि, दक्षिण कोरिया सरकार ने कहा था कि यह मुलाकात मई से पहले हो सकती है। साराह सैंडर्स ने कहा कि राष्ट्रपति ने उत्तर कोरिया के वादों के आधार पर वार्ता के इस निमंत्रण को स्वीकार किया था। सैंडर्स ने कहा कि वार्ता के लिए किम जोंग का यह निमंत्रण उस पर लगाए गए अधिकतम दबावों का नतीजा है।
बता दें कि अमरीका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने उत्तर कोरिया के सर्वोच्च नेता किम जोंग उन के वार्ता के प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया है। व्हाइट हाउस और वाशिंगटन पहुंचे दक्षिण कोरिया के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार चुंग ईयू योंग ने गुरुवार रात को इसकी पुष्टि की।

चुंग ने दिया था यह बयान

व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव साराह सैंडर्स ने कहा था कि राष्ट्रपति ट्रंप दक्षिण कोरिया के प्रतिनिधिमंडल और राष्ट्रपति मून की इस पहल को सराहते हैं। वह (ट्रंप) एक निश्चित समय और स्थान पर किम जोंग उन से मिलने का निमंत्रण स्वीकार करेंगे। हम उत्तर कोरिया के परमाणुनिरस्त्रीकरण को लेकर आशान्वित हैं। हालांकि, इस बीच उत्तर कोरिया पर सभी पाबंदियां और दबाव जारी रहेंगे। व्हाइट हाउस में ट्रंप से मुलाकात करने के बाद चुंग ने कहा था किम जोंग उन ने जल्द से जल्द राष्ट्रपति ट्रंप से मुलाकात करने की इच्छा जताई थी। राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि वह मई तक किम जोंग उन से मिलेंगे।