रेनबो हॉस्पिटल में अमृत जलम् आओ भगीरथ बनें मुहिम में चिकित्सकों सहित मरीजों ने ली जलाशय बचाने की शपथ
आगरा। नागरिकों के सहयोग से ही जल संरक्षण की मुहिम को सार्थक बनाया जा सकता है यह जरूरी है कि हम अपनी भावी पीढ़ी को एक सुरक्षित भविष्य देने के लिए पानी की बर्बादी होने से आज रोकें। अगर ऐसा ना किया तो आने वाले समय में ना सिर्फ अपना यह शहर अपुति समूचा विश्व पानी की एक एक बूंद के लिए तरसेगा। इस विकराल संकट को खत्म करने के लिए पत्रिका की यह मुहिम एक सराहनीय पहल है। जल संरक्षण के लिए अमृतं जलम् आओ भगीरथ बनें की मुहिम में रेनबो हॉस्पिटल में डॉक्टर और मरीजों ने शपथ ग्रहण की।
मरीजों ने ली शपथ, जलाशय करेंगे साफ, जल बचाएंगे
रेनबो हॉस्पिटल में रविवार को अमृतं जलम् अभियान चलाया गया। इस अभियान में जलाशय बचाने, साफ करने और उनके संरक्षण के लिए लोगों को जागरूक किया गया। रेनबो हॉस्पिटल के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ.ऋषभ वोरा ने कहा कि आज पानी खरीद कर पीना पड़ता है, जबकि कुछ सालों पहले जगह जगह पानी उपलब्ध हो जाता था। ये जलाशय खत्म होने के कारण हो रहा है। जलाशय का संरक्षण हमें करना होगा। यदि आज हम सचेत नहीं हुए तो कल आने वाली पीढ़ी एक एक बूंद के लिए तरस जाएंगी।
जमीन से नहीं मिलेगा
रेनबो हॉस्पिटल के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ.राजीव लोचन शर्मा ने पत्रिका की जलाशय बचाने की मुहिम, अमृतं जलम् आओ भगीरथ बनें की सराहना की। डॉ.शर्मा ने कहा कि भूगर्भ जलस्तर लगातार गिर रहा है। आगरा में कई गांव ऐसे हैं जो डॉर्क जोन में आ रहे हैं। पत्रिका की इस मुहिम को जारी रखने के लिए उन्होंने अपील की तो अस्पताल के मरीजों सहित स्टॉफ को जलाशय का संरक्षण, पानी बचाने की शपथ दिलाई गई। डॉ.शर्मा ने हॉस्पिटल में आए मरीजों को जलाशय का महत्व बताते हुए उनसे अपील की आज से ही वे अपने अपने गांव में जाकर जलाशय की सफाई करें और उसके संरक्षण का जिम्मा उठाएं। जलाशय और जल बचाने की शपथ में दर्जनों मरीजों ने उत्साह दिखाया और अपने अपने गांव में जलाशय संरक्षण और जल बचाने की शपथ लेकर इस अभियान को आगे बढ़ाने का भरोसा दिलाया।