ताजमहल से बंदरों को भगाने और यहां आने वाले पर्यटकों की सुरक्षा करने के लिए 4 एएसआई कर्मचारियों को लगाया गया है। ये कर्मचारी परिसर में लगातार भ्रमण करके बंदरों को पर्यटकों से दूर करने का प्रयास करेंगे।
ताजमहल में बंदरों का उत्पात आए दिन बढ़ता ही जा रहा है। पिछले दिनों ही यहां आईं एक विदेशी पर्यटक पर बंदरों ने हमला कर दिया था। इन सब घटनाओं को देखते हुए कई बार नगर निगम को पत्र लिखकर शिकायत की गई। लेकिन इसके बावजूद बंदरों के आतंक पर लगाम नहीं लगाई गई। जिसके बाद अब ये जिम्मेदारी एएसआई के कर्मचारियों को सौंपी गई है। इसके लिए 4 एएसआई कर्मचारियों को लगाया गया है, जिनका जिम्मा होगा कि वह ताजमहल से बंदरों को भगाएं और यहां आने वाले पर्यटकों की सुरक्षा कर करें। इसी कड़ी में गुरुवार को एक कर्मचारी को सेंट्रल टैंक से लेकर मुख्य गुंबद तक हाथ में डंडा लेकर बंदरों को दौड़ाते हुए देखा गया।
ASI के चार कर्मचारियों की ड्यूटी
बंदरों को भगाने का जिम्मा लेते हुए एएसआई के अधिकारियों ने बताया कि ताजमहल में आए दिन बदरों का आतंक बढ़ता जा रहा है। इस संबंध में नगर निगम से कई बार पत्राचार करने के बाद भी कोई हल नहीं निकल सका है। ऐसे में यहां आने वाले पर्यटकों को सुकून से ताज का दीदार कर सकें, इसके लिए एएसआई के चार कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। वह परिसर में लगातार भ्रमण करके बंदरों को पर्यटकों से दूर करने का प्रयास करेंगे।
पिछले चार दिनों में कई घटनाएं
गौरतलब है कि बीते चार दिनों में ताजमहल में पर्यटकों पर बंदरों के हमले की कई घटनाएं हो चुकी हैं। बुधवार को दो विदेशी महिला पर्यटकों पर बंदरों ने हमला कर दिया। पर्यटकों ने किसी तरह बंदरों से खुद को बचाया। इस घटना का किसी ने वीडियो भी बना लिया। चमेली फर्श पर यमुना की तरफ बेंच पर बैठीं दो महिला पर्यटक मोबाइल से फोटो खींच रही थीं, तभी दो बंदर पहुंचते हैं और उन पर हमला कर देते हैं। इसके अलावा तमिलनाडु के शाहीन रशीद को रविवार को बंदरों ने काटकर घायल कर दिया था।