आगरा

भाजपा सांसद रामशंकर कठेरिया के खिलाफ एफआईआर, कोर्ट में हाजिर नहीं होने पर वारंट जारी

कोर्ट में हाजिर नहीं होने पर वारंट जारी, टोरेंट पावर लिमिटेड कंपनी में मारपीट का आरोप

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Oct 17, 2018
ram shankar katheria

आगरा। भारतीय जनता पार्टी के सांसद और एससी आयोग के अध्यक्ष डॉ.रामशंकर कठेरिया की मुश्किलें बढ़ गई हैं। माननीयों की विशेष अदालत ने अनुसूचित जाति आयोग के चेयरमैन डॉ.रामशंकर कठेरिया के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी करने के आदेश दिए है। डॉ.रामशंकर कठेरिया के खिलाफ थाना हरीपर्वत में साल 2013 में मुकदमा दर्ज था जो कोर्ट में विचाराधीन है।

गैर जमानती वारंट जारी करने के आदेश

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टोरंट पॉवर लिमिटेड कंपनी द्वारा आगरा शहर में बिजली आपूर्ति का काम पिछले कई सालों से किया जा रहा था। आगरा में सपा शासनकाल में टोरेंट पॉवर का विरोध भारतीय जनता पार्टी के सांसद डॉ.रामशंकर कठेरिया ने जमकर किया था। डॉ.रामशंकर कठेरिया द्वारा कई बार टोरेंट पॉवर कंपनी द्वारा बिजली के बढ़े हुए बिल और असिस्मेंट के नाम पर लोगों से ठगी के आरोप लगाकर धरना प्रदर्शन किया गया। आरोप है कि टोरेंट पॉवर के अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ मारपीट की गई। जिसके बाद थाना हरीपर्वत में टोरेंट पॉवर लिमिटेड ने मुकदमा दर्ज कराया था। ये मुकदमा कोर्ट में विचाराधीन है। कोर्ट में लगातार सुनवाई के दौरान आरोपी हाजिर नहीं हुए। इलाहाबाद में इन दिनों माननीयों की विशेष अदालत चल रही है। विशेष अदादत के जज पवन कुमार तिवारी ने इस केस में आदेश दिए है। सूत्रों के अनुसार पूर्व से इनके खिलाफ वारंट है इसलिए गैर जमानती वारंटी जारी किए जाए। सांसद कठेरिया पर आरोप हैं कि अपने साथियों के साथ टोरेंट पॉवर लिमिटेड में जाकर अधिकारी रसिक लाल शाह से मारपीट की। उस दौरान अधिकारी अपने दफ्तर में विद्युत चोरी से संबंधित मामले की सुनवाई कर रहे थे।

गैर जमानती वारंट की खबर के बाद मची खलबली
एससी आयोग के अध्यक्ष के डॉ.रामशंकर कठेरिया के खिलाफ गैरजमानती वारंट जारी करने के आदेश के बाद आगरा की राजनीति में खलबली मच गई है। टोरेंट पॉवर लिमिटेड कंपनी के प्रवक्ता भूपेंद्र शर्मा ने कहा कि सरकार द्वारा कई मुकदमे वापस लिए गए थे। उन्हें अभी तक इस मामले की जानकारी नहीं है। वहीं शहर में डॉ.कठेरिया के खिलाफ विशेष अदालत द्वारा की गई कार्रवाई ने विपक्षियों को बोलने का मौका दे दिया है। कांग्रेस जिलाध्यक्ष दुष्यंत शर्मा ने कोर्ट के इस फैसले का स्वागत किया है। सीओ हरीपर्वत अभिषेक सिंह का कहना है कि उन्हें अभी कोई जानकारी नहीं मिली है।

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Updated on:
17 Oct 2018 02:36 pm
Published on:
17 Oct 2018 02:31 pm
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