दोनों के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव डीएम को दिया जा चुका है, बैठक का इन्तजार
आगरा। सूबे में सपा की सरकार बदलने के बाद जिन पदों पर सपाइयों ने कब्जा किया था। अब उन सारे पदों पर खतरा मंडरा रहा है। जिला पंचायत अध्यक्ष के पद से शुरू हुई ये सियासत अब ब्लॉक स्तर तक आ गई है। आगरा में कई अध्यक्ष पदों पर अब संकट के बादल मंडरा रहे हैं। पहले जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए अविश्वास प्रस्ताव पत्र दिया गया अब एत्मादपुर में ब्लॉक प्रमुख के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पेश किया गया है।
सपा की हैं ब्लॉक प्रमुख और जिला पंचायत अध्यक्ष
समाजवादी पार्टी की सरकार के समय जिन पदों पर सपाईयों की तूती बोलती थी। अब उन पदों पर खतरा मंडरा रहा है। आगरा में जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर कुशल यादव हैं तो एत्मादपुर में सपा से विधानसभा चुनाव 2017 में विधायक का चुनाव लड़ चुकीं प्रत्याशी राजा बेटी बघेल हैं। सपा की ब्लॉक प्रमुख के खिलाफ सोमवार को जिलाधिकारी के समक्ष अविश्वास प्रस्ताव पेश किया गया। ये अविश्वास प्रस्ताव बरहन क्षेत्र के पंचायत सदस्य संगीता कुलश्रेष्ठ के नेतृत्व में दिया गया। ब्लॉक प्रमुख राजाबेटी बघेल के लिए सपा सांसद डिंपल यादव ने चुनाव प्रचार किया था। लेकिन वे चुनाव हार गईं थीं।
भाजपा की छुपी राजनीति
एत्मादपुर और आगरा में भाजपा खुलकर सामने नहीं आ रही है। जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए अभी तक भाजपा ने अपना पत्ता नहीं खोला है। वहीं एत्मादपुर ब्लॉक प्रमुख पद के लिए भाजपाई अभी खुलकर बात नहीं कर रहे हैं। ब्लॉक प्रमुख एत्मादपुर के पद पर कई गंभीर आरोप भी लगाए गए थे। सपा शासनकाल में करोड़ों रुपये के विकास की बात कागजों पर की गई थी। ऐसे आरोप लगे। अब भगवा खेमे में इन पदों के लिए कमान मिल गई हैं, तो ऐसे में राजनीति की बिसात पर नई शतरंज की गोटियां बिछना भी शुरू हो गई हैं।
प्रशासन करेगा मतदान के दिन का एलान
जिला प्रशासन को ब्लॉक प्रमुख और जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए अविश्वास प्रस्ताव मिल चुके हैं। अब प्रशासन के हाथ में हैं कि वो किस दिन मतदान कराएगा। माना ज रहा है कि प्रशासन विधिक राय लेकर जल्द ही तारीखों का एलान कर सकता है।