10 मई 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

डकैती डालने वालों का बुरा अंजाम, पुलिस मुठभेड़ में मारे गए खूंखार अपराधी लंबू और पप्पू

Two dacoits killed in police encounter in Mathura: मथुरा में पुलिस मुठभेड़ में दो डकैतों को ढेर कर दिया। जिनके ऊपर 50-50 हजार रुपए का इनाम घोषित था। दोनों ही राजस्थान के रहने वाले हैं।

2 min read
Google source verification

पुलिस ने लंबू और पप्पू को मुठभेड़ में मार गिराया, PC- Patrika

Mathura police encounter, two criminals killed: मथुरा में पुलिस के साथ हुए एनकाउंटर में दो डकैतों को ढेर कर दिया गया, जिनके ऊपर 50-50 हजार रुपए का इनाम घोषित किया गया था। दोनों की पहचान राजस्थान के रहने वाले के रूप में हुई है और दोनों ने ही अप्रैल महीने में डकैती की घटना को अंजाम दिया था। इस मामले में, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने घटना के खुलासे के लिए 17 टीमें गठित की थीं। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर मथुरा पुलिस ने सुबह के समय घेराबंदी की और बाइक सवारों को रुकने का इशारा किया। लेकिन उन्होंने पुलिस पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में दोनों को गोली लगी, जिन्हें अस्पताल ले जाया गया।‌ जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। घटना सुरीर क्षेत्र की है।

24 अप्रैल को पड़ी थी डकैती

उत्तर प्रदेश के मथुरा के सुरीर टेटी गांव निवासी अजय अग्रवाल के बीते 24 अप्रैल को डकैती पड़ी थी। जिसमें डकैतों ने बड़ी घटना को अंजाम दिया था। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार के साथ पुलिस के अन्य अधिकारियों ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। इस घटना के खुलासे के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने 17 टीमें बनाई थी तब से लगातार पुलिस डकैतों की खोजबीन कर रही थी।

मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई

इसी बीच पुलिस को जानकारी हुई कि संदिग्ध क्षेत्र में रुके हुए हैं। बुधवार को मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने क्षेत्र की घेरेबंदी कर दी। आज गुरुवार की सुबह दो युवक मोटरसाइकिल से आते दिखाई पड़े। पुलिस ने उन्हें रुकने का इशारा किया, लेकिन रुकने की जगह दोनों ही बाइक सवार यू-टर्न लेकर भागने लगे। इसी बीच बाइक स्लिप कर गई और दोनों गिर पड़े।

जवाबी कार्रवाई में दोनों को लगी गोली

इस दौरान दोनों ही बदमाशों ने पुलिस पर फायर कर दिया। बदमाशों की फायरिंग में स्वाट टीम प्रभारी अजय वर्मा और हेड कांस्टेबल दुर्ग विजय को गोली लगी और वे घायल हो गए। जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली दोनों बदमाशों को लगी, जिन्हें घायल अवस्था में अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने दोनों को ही मृत्यु घोषित कर दिया। जिनकी शिनाख्त धर्मवीर उर्फ लंबू और राजेंद्र उर्फ पप्पू के रूप में हुई। जिनके ऊपर 50-50 हजार रुपए का इनाम घोषित किया गया था। दोनों ही 24 अप्रैल के सुरीर टेटी गांव की डकैती में शामिल थे। धर्मवीर भरतपुर के थाना गहनौली मोड़ के बोकाली गांव का रहने वाला था। जबकि राजेंद्र अलवर के अम्बेडकर नगर के बहरोड़ का रहने वाला था।