
आगरा। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतरीन करने का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन चिकित्सकों की मनमानी के आगे सभी प्रयास बेकार जा रहे हैं। इस बात का खुलासा हुआ पत्रिका टीम द्वारा आज जिला अस्पताल में किए गए रियल्टी चैक में, जहां चौंकाने वाला खुलासा हुआ। यहां समय से पहले ही चिकित्सक अपने चैम्बर से गायब हो जाते हैं।
डॉक्टर के चैम्बर मिले खाली
जिला अस्पताल आगरा में सोमवार से लेकर शनिवार तक ओपीडी का समय सुबह 8 बजे से दो बजे तक का है। इससे पहले जो रजिस्ट्रेशन होता है, उसका समय सुबह आठ बजे से दोपहर 1.30 बजे तक का है। आज पत्रिका टीम जब जिला अस्पताल आगरा पहुंची, तो यहां पर 1.30 बजे पर्चे बनना बंद हो चुके थे। इसके बाद पत्रिका टीम ओपीडी की तरफ पहुंची, तो यहां डॉक्टर के चैम्बर में पड़ी कुर्सियां खाली पड़ी हुईं थीं। चैम्बर में चिकित्सक के होने या न होने की कोई जानकारी देने वाला भी नहीं था।
ये बोले चिकित्सा अधीक्षक
पत्रिका टीम ने इस मामले में जिला अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. सुबोध कुमार से बात की, तो उन्होंने बताया कि ओपीडी का समय दो बजे तक का है। इस समय तक डॉक्टर अपने चैम्बर में बैठते हैं, लेकिन आज मौसम खराब होने की वजह से हॉस्पीटल में मरीजों की संख्या कम थी। एक बजे के बाद मरीज ही नहीं थे, जिसकी वजह से डॉक्टर चैम्बर में नहीं होंगे। उन्होंने बताया कि प्रतिदिन ओपीडी के लिए 2000 से 2200 पर्चे बनते हैं, लेकिन आज महज 1300 पर्चे ही बने थे। उन्होंने बताया कि कुछ डॉक्टर तो उनके पास बैठे हुए थे।