अजमेर

टोल बूथ पर मिलेगी आपको ये सुविधा, फिर आराम से करो अपना काम

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Mar 10, 2019
amnesty scheme for transporters
amnesty scheme for transporters

अजमेर.

टोल नाकों की ओर से जारी चालानों पर वाहन मालिक अब एमनेस्टी योजना के तहत एक तय शुल्क जमा कराकर अपना वाहन अनलॉक करा सकेंगे।

टोल नाकों की ओर से ओवरलोड वाहनों की सूचना के आधार पर विभाग की ओर से चालान बनाकर अपने सॉफ्टवेयर में उक्त वाहन को लॉक कर दिया जाता है। लॉक होने के चलते उक्त चालान को जमा कराने के पहले वाहन का फिटनेस, नाम स्थानांतरण सहित परिवहन विभाग से संबंधित सभी कार्यों पर रोक लग जाती है। वाहन मालिक की ओर से जिस परिवहन कार्यालय में उसके वाहन को लॉक किया गया है। वहां जाकर शुल्क जमा कराने के बाद ही वाहन अनलॉक किया जाता है।

यह है एमनेस्टी योजना
जिला परिवहन अधिकारी राजीव शर्मा के अनुसार एमनेस्टी योजना के तहत 18.5 टन तक सकल भार वाले वाहनों को तीन ओवरलोडिंग चालानों के लिए 6 हजार व तीन से ज्यादा के लिए 10 हजार रुपए और 18.5 टन से ज्यादा सकल भार वाले वाहनों को तीन ओवरलोडिंग चालानों के लिए 10 हजार व तीन से ज्यादा बार के लिए 15 हजार रुपए जमा कराने होंगे। शुल्क जमा कराने पर वाहन को अनलॉकर कर दिया जाएगा।

एक हजार से ज्यादा वाहन लॉक
उल्लेखनीय है कि टोल नाकों की सूचना के आधार जिले में विभिन्न स्थानों के एक हजार से ज्यादा वाहन लॉक किए गए है। इसके तहत देश के किसी भी राज्य के वाहन की सूचना को लॉक किया जा सकता है।

कई फर्जी मामले भी आए सामने
टोल नाकों की सूचना पर वाहनों का चालान करने के कई मामले फर्जी भी साबित हो चुके है। शातिर वाहन चालकों की ओर से वाहन पर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर टोल नाकों से ओवरलोड वाहन निकाल लिए जाते है। लेकिन विभाग की ओर से टोल नाकों की सूचना पर नंबर प्लेट के आधार पर वाहन लॉक कर दिया जाता है। इसके चलते कई वाहन मालिक परेशान होते है। ओवललोड के लिए विभाग की ओर से तीन टन तक 5 सौ रुपए, 4 से 7 टन तक 1 हजार रुपए प्रति टन और 11 टन से 15 सौ रुपए प्रतिटन ओवरलोड शुल्क वसूला जाता है।

Published on:
10 Mar 2019 06:33 am