
अजमेर. कोरोना वायरस संक्रमण के चलते महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय और कॉलेज सहित सभी सरकारी दफ्तर अब 31 मार्च तक लॉक डाउन रहेंगे। आवश्यक सेवाओं में सिर्फ पुलिस, मेडिकल सेवा, प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक मीडिया दफ्तर ही खुलेंगे।
पहले राज्य सरकार ने सरकारी, निजी दफ्तरों, बोर्ड, विश्वविद्यालयों में 50 प्रतिशत स्टाफ को ही बुलाने के निर्देश दिए थे। अब सरकार ने 31 मार्च तक लॉकडाउन का फैसला किया है। लिहाजा सभी सरकारी, निजी कार्यालय, मॉल, दुकानें, फैक्ट्रियां, गोदाम, वर्कशॉप, रोडवेज, ऑटो, कैब, टैक्सी, सिटी बस, टेम्पो सहित सभी परिवहन सेवाएं बंद रहेंगी।
खुलेंगे ये दफ्तर
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग, पुलिस, कारागार सुरक्षा, रसद, आपदा प्रबंधन, जिला परिषद, बिजली, पेयजल, नगर निगम, गृह विभाग, आयुर्वेद, मेडिकल कॉलेज, हॉस्टिपल और डिस्पेंसरी।
रखे दफ्तरों में सेनिटाइजर
सभी दफ्तरों में विभागवार सेनिटाइजर रखे गए हैं। सुरक्षाकर्मियों को सभी दफ्तरों, मॉल में प्रवेश से पहले सेनिटाइजर से हाथ साफ करने के निर्देश दिए गए हैं। जिन-जिन दफ्तरों में 23 से 31 मार्च तक कोई निविदा अथवा आवश्यक कामकाज होने हैं, वे उन्हें टालने होंगे। चाहें तो वर्क टू होम सरकारी दफ्तर और निजी कार्यालय, कंपनियां चाहें तो वर्क टू होम कल्चर पर कामकाज कर सकेंगे। सरकारी दफ्तरों, कॉलेज में सभी अधिकारियों, कर्मचारियों को परिसर में फोगिंग, सेनेटाइज करने को कहा गया है।
अब 31 तक अग्नि परीक्षा, अजमेर रहेगा लॉक डाउन
अजमेर. कोरोना वायरस संक्रमण के चलते सोमवार से अग्नि परीक्षा शुरू हो गई है। 31 मार्च तक आवश्यक सेवाओं को छोडकऱ दुकानें, मॉल, बगीचे, रोडवेज, रेल सहित अन्य संसाधन बंद रहेंगे। अजमेर सहित पूरे प्रदेश में पांच से ज्यादा लोग एक साथ जमा नहं हो सकेंगे।
रविवार को जनता कफ्र्यू को शहर के बाजारों और सडक़ों पर सुबह से देर रात तक सन्नाटा दिखा था। सोमवार सुबह से ऐसा ही माहौल दिख रहा है। राजस्थान में 31 मार्च तक लॉक डाउन का आह्वान किया गया है। लिहाजा अजमेर में भी सडक़ों पर चहल-पहल नहीं है। हमेशा चहल-पहल से आबाद रहने वाले रोडवेज बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन पर कोई भीड़ नहीं है। ऑटोरिक्शा, सिटी बस, ई-रिक्शा, सिटी कैब भी नहीं चल रही हैं।