अजमेर

Dengues : डेंगू ने पैर पसारे, पांच और मरीज भर्ती

प्राइवेट चिकित्सालय में भी कई उपचाररत, कई कॉलोनियों में नहीं साफ सफाई, पनप रहे मच्छर

2 min read
Nov 09, 2019
Dengues : डेंगू ने पैर पसारे, पांच और मरीज भर्ती
Dengues : डेंगू ने पैर पसारे, पांच और मरीज भर्ती

मदनगंज-किशनगढ़ (अजमेर).

शहर व आस-पास के क्षेत्र में डेंगू ने पैर पसार लिए हैं। मरीजों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। शुक्रवार को यज्ञनारायण चिकित्सालय में डेंगू पीडि़त पांच मरीज उपचाररत थे। यह आंकड़ा केवल भर्ती मरीजों का है, जबकि आउटडोर में दिखाने वाले डेंगू पीडि़त या संभावित मरीजों की संख्या कहीं अधिक है।

शहर के कई निजी अस्पतालों में भी डेंगू से पीडि़त मरीज इलाज करा रहे हैं। मौसम में आए परिवर्तन और देर तक चली बारिश के चलते शहर के कई इलाकों में कीचड़ और गंदगी पसरी है। इसके चलते इन क्षेत्रों में डेंगू के मच्छर पनप गए और वहां रहने वाले लोगों को शिकार बना रहे हैं।

मुख्यत: मालियों की बाड़ी, शिवाजी नगर, पुराना शहर, सिरोंज आदि क्षेत्रों में डेंगू के मरीज सामने आए हैं। इनका अस्पताल में इलाज किया जा रहा है। यहां के मरीज भर्तीयज्ञनारायण चिकित्सालय के वार्ड में शुक्रवार को सिरोंज, सिलोरा रोड स्थित मालियों की बाड़ी एवं पुलिस ट्रेनिंग स्कूल का एक जवान भर्ती मिला।

चिकित्सकों के अनुसार तीनों को डेंगू पॉजीटिव मानते हुए उपचार दिया जा रहा है। वहीं शिवाजी नगर निवासी एक युवती व किशनगढ़ पुराना शहर स्थित पुरानी कोतवाली निवासी एक बालक को डेंगू पीडि़त होने के चलते आपातकालीन चिकित्सा इकाई में भर्ती किया गया है। इन पांचों की प्लेटलेट्स कम थीं। फिलहाल इनकी हालत में सुधार है।

चिकित्सक भी नहीं बच सके

किशनगढ़ क्षेत्र में डेंगू का असर इस कदर है कि ब्लॉक मुख्य चिकित्सा अधिकारी विगत दिनों इसकी चपेट में आ गई थीं। वहीं सिटी डिस्पेंसरी के एक चिकित्सक को भी डेंगू ने चपेट में ले लिया। हालांकि इलाज के बाद दोनों की स्थिति में सुधार है।

आंकड़े काफी ज्यादा

ओपीडी में इलाज लेने वाले वालों में 304 मरीज ऐसे हैं जिन्हें डेंगू सस्पेक्टेड माना गया है। वहीं 49 मरीज ऐसे आए जिन्हें डेंगू पॉजीटिव मानते हुए उपचार दिया गया। यह आंकड़े 25 अक्टूबर से 8 नवम्बर तक के हैं।

मरीजों की कतार

पिछले दिनों मौसम में आए परिवर्तन के चलते मौसमी बीमारों की संख्या काफी तेजी से बढ़ी है और चिकित्सालय के आउटडोर फुल चल रहे हैं।

बारिश के बाद बढ़ी ठंडक से सर्दी, जुकाम और दमा पीडि़तों की संख्या तेजी से बढ़ गई है। अस्पताल के पर्ची काउंटरों पर काफी ज्यादा दबाव है और चिकित्सकों के कक्ष के बाहर भी मरीजों को कतार में लगे देखा जा रहा है।

Updated on:
09 Nov 2019 03:33 am
Published on:
09 Nov 2019 08:05 am