अजमेर

एक साल से अटकी हैं 725 अफसरों की सांसें, ये काम हुआ तो मिलेगी नौकरी

www.patrika.com/rajasthan-news

2 min read
Oct 09, 2018
rpsc exam

अजमेर.

आरएएस-2016 मुख्य परीक्षा के परिणाम को लेकर राजस्थान लोक सेवा आयोग की निगाहें अब कार्मिक विभाग पर टिकी हैं। आबकारी विभागीय कर्मचारियों के पदों के संबंध में कार्मिक विभाग के नीतिगत फैसले के बाद ही आयोग अगला कदम उठाएगा।

ये भी पढ़ें

स्मार्ट सिटी पर खड़े किए सवाल, पीएम मोदी के दौरे से पहले सांसद के प्रश्न

2012 की आरएएस भर्ती में आबकारी विभागीय कर्मचारियों के 14 पद थे। दो पदों पर नियुक्ति के बाद 12 पद खाली रहे। नियमानुसार इन खाली पदों को आरएएस भर्ती-2016 में शामिल करना था। लेकिन आयोग ने ऐसा नहीं किया। पदों को समायोजित नहीं करने पर हाईकोर्ट ने आयोग को नए सिरे से भर्ती परीक्षा का परिणाम जारी करने को कहा है। आयोग हाईकोर्ट के फैसले का अध्ययन करने में जुटा है।

कार्मिक विभाग पर दारोमदार...

आयोग की मानें तो आबकारी पदों का मामला कार्मिक विभाग से भी जुड़ा है। आयोग ने विभाग से इस बारे में जानकारी मांगी है। कार्मिक विभाग के पद बढ़ाने या अन्य कोई नीतिगत फैसले के बाद ही आयोग अपने कदम बढ़ाएगा। इसके मालूम हो कि आरएएस भर्ती-2016 के तहत 725 अभ्यर्थियों को नियुक्तियों का इंतजार है। आरएस प्री. परीक्षा स्तर पर 15 गुणा से अधिक सफल अभ्यर्थियों को मुख्य परीक्षा से बाहर रखने के मामले में भी राजस्थान हाईकोर्ट ने आदेश दिया था। इस मामले में आयोग ने सुप्रीम कोर्ट में विशेष याचिका लगाई है।

देश में हालात देखकर हो रही पीड़ा

सांसद डॉ. रघु शर्मा पीएम नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे पर जमकर बरसे। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य में भाजपा जुमलों, झूठे वायदों पर सरकार चला रही है। इनके शासन में गरीब, किसान और आमजन बुरी तरह त्रस्त है। राफेल घोटाला, महंगाई की मार, विकास के झूठे दावे सरकार की नाकामी दिखाने के लिए काफी हैं। हर मोर्चे पर सरकार विफल साबित हुई है। शर्मा ने प्रेस वार्ता में कहा कि शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अजमेर आ रहे हैं। यहां उनका स्वागत है, लेकिन पूरे देश और प्रदेश में हालात देखकर पीड़ा हो रही है।

ये भी पढ़ें

अच्छी खबर….अगर शुरू हुआ ये कोर्स तो स्टूडेंट्स को मिलेगा फायदा
Published on:
09 Oct 2018 06:33 am
Also Read
View All