
अजमेर.
छात्रसंघ चुनाव में कई नेताओं ने ताल ठोक दी है। लेकिन एनएसयूआई और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के प्रत्याशियों की राह आसान नहीं है। उन्हें कई मोर्चों से जूझना होगा। वैसे इस बार चुनाव काफी रोचक होंगे। विधासनभा चुनाव होने से कांग्रेस और भाजपा के नेताओं की भी प्रतिष्ठा भी दांव पर लगी है।
दयानंद कॉलेज
अध्यक्ष-श्याम विश्नोई (एनएसयूआई), प्रदीप मेहरिया (अभाविप) सुरेंद्र मेहरिया, विक्रम सिंह (निर्दलीय), उपाध्यक्ष-सुशील कुमार शर्मा (एनएसयूआई), मोहित चौधरी (अभाविप), अभिषेक अजमेरा (निर्दलीय), महासचिव-शीशम चौधरी (एनएसयूआई), प्रगति मिश्रा (अभाविप) खालिद खान, दिनेश भाटी (निर्दलीय) , संयुक्त सचिव-महेंद्र (एनएसयूआई ), यश पंचारिया (अभाविप), वैभव मीणा (निर्दलीय)
एसपीसी जीसीए
अध्यक्ष-राजपाल जाखड़ (एनएसयूआई) पियूष सिवासिया (अभाविप), शयंक यादव, लोकेश खिडिय़ा कवि (निर्दलीय) उपाध्यक्ष-पायल जैन (एनएसयूआई), कोमल साहू (अभाविप), मानसी सैनी (निर्दलीय), महासचिव-नवरत्न राठौड़ (एनएसयूआई), राजू गुर्जर (अभाविप), संयुक्त सचिव-संदीप मीणा ( एनएसयूआई), दीपिका चौधरी (अभाविप)
संस्कृत कॉलेज
अध्यक्ष-कालूसिंह सोलंकी, उपाध्यक्ष-लता मेघवंशी, महासचिव-प्रसन्नजीत पाल, संयुक्त सचिव-पवन डाबरिया (सभी एनएसयूआई)
राजकीय कन्या महाविद्यालय
अध्यक्ष-सुरजा रावत (एनएसयूआई), हर्षा रावत (अभाविप), स्वस्ति आर्य (निर्दलीय) उपाध्यक्ष-ऋतिका उपाध्याय (एनएसयूआई), अंतिमा कंवर (अभाविप), मालती दौलिया (निर्दलीय), महासचिव-सुमन चौधरी (अभाविप), रेखा चौधरी (एनएसयूआई), पूजा जांगिड़ (निर्दलीय) संयुक्त सचिव-पिंकी गुर्जर (एनएसयूआई), मनोरमा गोरा (अभाविप), काजल बागड़ी (निर्दलीय)लॉ कॉलेजअध्यक्ष-रचिव कच्छावा , उपाध्यक्ष- संजय परसोया, महासचिव- धर्मेन्द्र बाज्या, संयुक्त सचिव- मुकेश खींची मेघवाल (सभी अभाविप)मदस विश्वविद्यालयअध्यक्ष-हेमंत धनवानी (एनएसयूआई), लोकेश गोदारा (अभाविप), उपाध्यक्ष-शिवनेश जादौन (अभाविप), महासचिव-राहुल राजपुरोहित (अभाविप)
छात्रसंघ चुनाव में ठोकी बागियों ने ताल
छात्रसंघ चुनाव के नामांकन में इस बार बागियों ने जबरदस्त ताल ठोकी है। एनएसयूआई और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के साथ जुड़े कई छात्र-छात्राओं ने टिकट कटने पर बगावत कर दी। नाराज छात्र-छात्राओं ने दोनों ही संगठनों के पदाधिकारियों पर टिकट बेचने के आरोप भी लगा दिए। इसके अलावा कई प्रत्याशियों ने परस्परआपत्तियां दी। अब 27 अगस्त को नाम वापसी के बाद ही असली तस्वीर सामने आएगी।
टिकट कटा तो हुए बागी
महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद से टिकट की आस लगाए बैठे पंकज रुलानिया ने निर्दलीय पर्चा भरा। विद्यार्थी परिषद ने यहां से लोकेश गोदारा को टिकट दिया है। गोदारा पिछले कई दिनों से एनएसयूआई कार्यकर्ताओं के साथ जुड़े हुए थे। जबकि रुलानिया विद्यार्थी परिषद से जुड़े हुए थे। यहां से एनएसयूआई ने हेमंत धनवानी को मैदान में उतारा है।