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अलवर: नौकरी के बहाने असम से लाई गई महिला को पति से मिलाया, बड़ा फर्जीवाड़ा नाकाम

अलवर में रोजगार के नाम पर धोखे का शिकार हुई असम की एक महिला को महिला सुरक्षा एवं सलाह केंद्र की मदद से सुरक्षित बचा लिया गया है। एजेंट ने महिला को उसके पति से अलग कर बंधक बना लिया था। केंद्र ने तत्परता दिखाते हुए दोनों को मिलाया और सुरक्षित घर रवाना किया।
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May 27, 2026
employment fraud
Representative Picture (AI)

आजकल नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी और धोखाधड़ी के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। ऐसा ही एक मामला राजस्थान के अलवर जिले से सामने आया है, जहां असम से आई एक बेबस महिला को मानव तस्करी और जबरन मजदूरी के जाल में फंसाने की कोशिश की गई। लेकिन राहत की बात यह रही कि समय रहते महिला सुरक्षा एवं सलाह केंद्र ने मुस्तैदी दिखाई और एक हंसते-खेलते परिवार को बिखरने से बचा लिया।

पति को दिल्ली में छोड़ा, पत्नी को ले आया अलवर

पीड़ित महिला ने आपबीती सुनाते हुए बताया कि बीती 18 मई को एक एजेंट उन्हें और उनके पति को असम से बेहतर रोजगार दिलाने का झांसा देकर राजस्थान के लिए रवाना हुआ था। रास्ते में शातिर एजेंट ने एक साजिश रची। अलवर पहुंचने से ठीक पहले, उसने महिला के पति को झांसा देकर दिल्ली में ही छोड़ दिया और ट्रेन या गाड़ी से आगे निकल गया। इसके बाद वह महिला को अकेला पाकर जबरन अलवर ले आया। यहां लाकर महिला को एक अनजान मकान में रखा गया और उस पर दिन-रात झाड़ू-पोंछा करने तथा अन्य घरेलू काम करने के लिए दबाव बनाया जाने लगा।

मना करने पर डराया-धमकाया

जब पीड़ित महिला ने इस बात का विरोध किया और घरेलू काम करने से साफ इनकार कर दिया, तो एजेंट और उसके साथियों ने अपना असली रंग दिखा दिया। महिला को डराया-धमकाया गया, उसके साथ गाली-गलौज की गई और पुलिस का झूठा डर दिखाकर चुप रहने को कहा गया। डरी-सहमी महिला किसी तरह उनकी नजरों से बचकर 21 मई को भाग निकली और सीधे महिला सुरक्षा एवं सलाह केंद्र जा पहुंची। वहां उसने रोते हुए अपनी पूरी कहानी सुनाई और मदद की गुहार लगाई।


मामले की गंभीरता को देखते हुए केंद्र की टीम तुरंत हरकत में आई। महिला सुरक्षा केंद्र के सदस्य मोनू वर्मा ने बताया कि शिकायत मिलते ही सबसे पहले महिला को सुरक्षित माहौल दिया गया। इसके बाद टीम ने तुरंत महिला के पति से संपर्क साधा, जो दिल्ली में परेशान घूम रहा था। पति को तुरंत अलवर बुलाया गया। जब पति-पत्नी सामने आए, तो दोनों की आंखों में आंसू थे। केंद्र ने सभी जरूरी कानूनी और कागजी प्रक्रियाएं पूरी करने के बाद महिला को उसके पति के सुपुर्द कर दिया। इसके बाद दोनों को सुरक्षित असम के लिए रवाना किया गया। पुलिस अब उस फर्जी एजेंट और उसके पूरे नेटवर्क की तलाश में जुट गई है।

Updated on:
27 May 2026 11:34 am
Published on:
27 May 2026 11:34 am