मिलेगी राहत : पेरिस से आई 25 लाख की मशीन
अलवर. जिले में टीबी की आशंका वाले मरीजों को जांच आने का इंतजार नहीं करना पडेग़ा। अब दो घंटे में ही टीबी की रिपोर्ट आ जाएगी जिसके लिए कोई शुल्क भी नहीं देगा होगा। राजकीय टीबी अस्पताल में पेरिस से जीनी एक्सपर्ट सीबी नॉट मशीन लाई गई हैं जिसकी कीमत 25 लाख रुपए है। इसमें रोगी के बलगम को जांच के लिए डाल जाएगा और जांच के बाद हां या नहीं का जवाब लिखा हुआ आएगा जिससे से यह स्पष्ट हो जाएगा की टीबी हुई है या नहीं। इस मशीन से एक बार में चार मरीजों के सैंपल एक साथ लिए जा सकते हैं। एक माह में 350 सैंपल लिए जा सकते हैं। सीबी नॉट मशीन में रोगी का बलगम एक विशेष टयूब में लेकर मशीनी के चैंबर में लगा दिया जाता है।
बाजार में सीबी नॉट मशीन से जांच की कीमत 8 हजार रुपए हैं। अलवर में पहली बार यह सुविधा नि:शुल्क दी जा रही है। इससे पहले फरवरी 2018 में बहरोड़ में भी सीबी नॉट मशीन लगाई गई है जो उसी क्षेत्र के मरीजों की जांच करेगी। जिन रोगियों को टीबी की बीमारी का 6 से 8 माह का कोर्स देने के बाद भी वह ठीक नहीं हो पाते हैं उन मरीजों की जांच भी इस मशीन से की जाएगी। इसके लिए पहले जयपुर के एसएमएस हॉस्पिटल में जांच के लिए जाना पड़ता था।
गौरतलब है कि अभी तक मरीज डॉक्टर की जांच पर ही निर्भर रहते हैं। कई बार डॉक्टर भी टीबी की पहचान करने में असमर्थ हो जाते हैं और मरीज लगातार रोग का शिकार होकर मौत के मुंह में चला जाता है।
टीबी मरीजों की संख्या हुई कम
पिछले साल अलवर जिले में टीबी रोगियों की संख्या 4,000 थी। लेकिन इस साल घटकर 3000 रह गई है। अलवर शहर के अलावा बहरोड में टीबी रोगियों की संख्या अधिक है। शहर में एनईबी, दाउदपुर, दिल्ली दरवाजा, दीवान जी का बाग, धोबी गटटा, शिकारी बास, मंूगस्का सहित अन्य कच्ची बस्तियों में टीबी के मरीजों की संख्या अधिक है।
पहले बलगम की जांच के बाद रोगी को दो दिन के बाद परिणाम मिलते थे। लेकिन मशीन की जांच दो घंटे में परिणाम स्पष्ट कर देगी। बाजार से जांच कराने पर 8 हजार रुपए लगते हैं यहां निशुल्क होगी।
डॉ. राजेंद्र चिटकारा, जिला क्षय रोग अधिकारी, अलवर