अलवर

Alwar: अलवर नगर निगम के 65 वार्डों में मुद्दे और समस्याएं वही, समाधान का इंतजार

अलवर नगर निगम चुनाव में शहर के 65 वार्डों के मतदाताओं के सामने एक बार फिर सड़क, सीवर, सफाई, पानी, रोशनी, पार्किंग और अतिक्रमण जैसे पुराने मुद्दे हैं। कई बोर्ड और महापौर बदलने के बाद भी इन समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं हुआ। अब जनता इस बार ठोस काम की उम्मीद कर रही है।
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Sep 06, 2026
alwar nagar nigam
अलवर नगर निगम

अलवर नगर निगम चुनाव का माहौल है और शहर के 65 वार्डों में प्रत्याशी जनता के बीच पहुंच रहे हैं। चुनावी चर्चा में इस बार भी शहर की मूलभूत सुविधाएं सबसे बड़े मुद्दों में शामिल हैं। सड़क, सीवर, सफाई, पेयजल और रोड लाइट जैसी समस्याएं अलग-अलग इलाकों में लोगों को परेशान कर रही हैं। इसके अलावा पार्किंग, अतिक्रमण, निराश्रित पशु और आवारा कुत्तों की समस्या भी लोगों के लिए चुनौती बनी हुई है।

शहर में कई जगह सड़कें बदहाल हैं। टूटी और क्षतिग्रस्त सड़कों के कारण वाहन चालकों और राहगीरों को परेशानी होती है। वहीं कई इलाकों में सीवर लाइनें टूटने और सीवर व्यवस्था ठीक नहीं होने से समस्या बनी हुई है। नालों में गंदगी जमा होने से सफाई व्यवस्था पर भी सवाल उठते रहे हैं।

पानी की समस्या भी बड़ी चुनौती

अलवर शहर के कई इलाकों में पेयजल की समस्या लंबे समय से बनी हुई है। लोगों को कई जगह 48 से 72 घंटे के अंतराल में पानी मिल रहा है। गर्मी हो या सामान्य मौसम, पानी की नियमित आपूर्ति लोगों की प्रमुख मांगों में शामिल रहती है। चुनाव के दौरान प्रत्याशियों के सामने जनता इस समस्या के स्थायी समाधान की उम्मीद रख रही है।

बंद रोड लाइट और अतिक्रमण से परेशानी

कई इलाकों में रोड लाइट बंद रहने से रात के समय लोगों को परेशानी होती है। बाजारों और प्रमुख सड़कों पर अवैध पार्किंग और अतिक्रमण के कारण जाम की स्थिति भी आम हो गई है। सड़कों पर वाहनों का बढ़ता दबाव और फुटपाथ व सड़क किनारे अतिक्रमण के कारण लोगों को निकलने में दिक्कत होती है।


निराश्रित पशुओं से भी खतरा

शहर की सड़कों पर निराश्रित पशु और आवारा कुत्ते भी बड़ी समस्या बने हुए हैं। कई बार पशुओं के सड़क पर बैठने या घूमने से यातायात प्रभावित होता है। इससे दुर्घटना का खतरा भी बना रहता है। लोगों की मांग है कि नगर निगम इस समस्या के लिए स्थायी व्यवस्था करे।

हर चुनाव में वही सवाल

नगर निगम में कई बोर्ड बने और सभापति व महापौर भी बदले, लेकिन शहर की कई मूलभूत समस्याएं अब भी बनी हुई हैं। ऐसे में 65 वार्डों के मतदाताओं के सामने इस चुनाव में फिर वही सवाल है कि चुनावी वादों के बाद धरातल पर कितना काम होगा। जनता सड़क, सीवर, सफाई, पानी, रोशनी, पार्किंग, अतिक्रमण और निराश्रित पशुओं जैसी समस्याओं के स्थायी समाधान की उम्मीद कर रही है।

फैक्ट फाइल

  • कुल वार्ड: 65
  • कुल मतदाता: 2,68,292
  • पुरुष मतदाता: 1,37,558
  • महिला मतदाता: 1,30,717
  • थर्ड जेंडर मतदाता: 17
  • जेन-जी मतदाता: करीब 51 हजार
  • सबसे कम मतदाता: वार्ड 5 में 2,338
  • सबसे ज्यादा मतदाता: वार्ड 42 में 6,890
  • कुल प्रत्याशी: 344
  • भाजपा व कांग्रेस प्रत्याशी: 129
Updated on:
06 Sept 2026 12:06 pm
Published on:
06 Sept 2026 12:06 pm