
अलवर से नटनी का बारा तक राष्ट्रीय राजमार्ग-248ए के चौड़ीकरण का काम एक बार फिर 5 सितंबर से शुरू किया जाएगा। बारिश के कारण बंद किए गए निर्माण कार्य को पीडब्ल्यूडी एनएच अब दोबारा शुरू करने की तैयारी में है। विभाग के अनुसार, सड़क चौड़ीकरण का काम करीब 14 किलोमीटर क्षेत्र में अभी भी बाकी है। अधिकारियों का कहना है कि शेष काम को अगले चार से पांच महीने में पूरा करने का प्रयास किया जाएगा।
अलवर से नटनी का बारा की दूरी करीब 20 किलोमीटर है। इस मार्ग पर यातायात का दबाव लगातार बढ़ने के कारण पीडब्ल्यूडी एनएच ने सड़क चौड़ीकरण की योजना तैयार की थी। करीब 10 महीने पहले इस परियोजना पर काम शुरू किया गया था। विभाग ने मार्च तक काम पूरा करने का लक्ष्य रखा था, लेकिन तय समय में निर्माण पूरा नहीं हो सका। अब परियोजना को पूरा होने में करीब छह महीने और लगने की संभावना है।
यह मार्ग अलवर से जयपुर की ओर जाने वाले वाहनों के लिए महत्वपूर्ण है। सड़क चौड़ीकरण का काम चलने के कारण यात्रियों को काफी परेशानी उठानी पड़ रही है। सामान्य दिनों में कम समय में तय होने वाला करीब 20 किलोमीटर का सफर फिलहाल 40 से 50 मिनट में पूरा हो रहा है। कई स्थानों पर सड़क निर्माण के कारण रास्ता उबड़-खाबड़ है, जिससे वाहन चालकों को धीमी गति से गुजरना पड़ता है।
सड़क निर्माण के दौरान सबसे बड़ी समस्या धूल की बनी हुई है। वाहनों के गुजरने पर मिट्टी और धूल उड़ती है, जिससे आसपास के घरों और दुकानों में धूल पहुंच रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क किनारे रहने और व्यापार करने वाले लोगों को रोजाना परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
खासकर सांस से जुड़ी समस्या वाले लोगों के लिए धूल परेशानी बढ़ा रही है। हालांकि, बारिश के दौरान मिट्टी दब जाने से धूल की समस्या फिलहाल कुछ कम हुई है। लेकिन बारिश रुकने और निर्माण कार्य दोबारा शुरू होने के बाद धूल फिर बढ़ने की आशंका है। स्थानीय लोगों का कहना है कि निर्माण एजेंसी को सड़क पर नियमित पानी का छिड़काव करना चाहिए, ताकि धूल से राहत मिल सके।
पीडब्ल्यूडी एनएच के एक्सईएन वेद प्रकाश शर्मा ने बताया कि बारिश के कारण सड़क चौड़ीकरण का काम रोकना पड़ा था। अब मौसम अनुकूल होने पर 5 सितंबर से काम फिर शुरू किया जाएगा। विभाग का प्रयास रहेगा कि बचे हुए करीब 14 किलोमीटर के काम को चार से पांच महीने में पूरा कर लिया जाए।
सड़क चौड़ीकरण पूरा होने के बाद अलवर से जयपुर की ओर जाने वाले यात्रियों को बेहतर और चौड़ा मार्ग मिलने की उम्मीद है। इससे यात्रा का समय कम होने के साथ जाम और दुर्घटना की आशंका भी घट सकती है। फिलहाल लोगों को निर्माण कार्य पूरा होने का इंतजार है।