
अगर आप बहरोड़-अलवर मार्ग से गुजरने वाले हैं, तो यह खबर आपके लिए बहुत काम की है। सोडावास में साबी नदी पर बने पुल की मरम्मत के काम के चलते सोमवार शाम से यहां वाहनों की आवाजाही को अस्थायी रूप से रोक दिया गया है। पुल को बंद करने के बाद अब हाईवे से गुजरने वाले भारी और छोटे वाहनों को नदी के पेटे (नदी के निचले हिस्से) में बनाए गए एक वैकल्पिक (कच्चे) रास्ते से निकाला जा रहा है।
अचानक पुल बंद होने और रूट डायवर्ट किए जाने की वजह से इस रूट पर सफर करने वाले आम लोगों और वाहन चालकों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। नदी के नीचे से बनाए गए वैकल्पिक रास्ते के कारण गाड़ियों की रफ्तार धीमी हो गई है, जिससे लोगों का समय भी ज्यादा लग रहा है।
राजस्थान राज्य सड़क विकास निगम (RSRDC) के परियोजना निदेशक (पीडी) सतीश कुमार के अनुसार इस साबी नदी के पुल को ज्यादा सुरक्षित और मजबूत बनाने के लिए इस पर 40 नई बेरिंग लगाने का काम शुरू किया गया है। इस पूरे काम को ठीक से पूरा करने के लिए विभाग की तरफ से लगभग 1 करोड़ रुपये का टेंडर जारी किया गया है।
आपको बता दें कि पिछले साल भी इस पुल का एक सपोर्ट क्षतिग्रस्त (टूट) हो गया था, जिससे बड़ा खतरा पैदा हो गया था। उस समय विभाग ने आनन-फानन में उसकी मरम्मत तो करवा दी थी, लेकिन कुछ तकनीकी दिक्कतों के चलते उस वक्त बेरिंग लगाने का काम अधूरा रह गया था। अब उसी अधूरे पड़े तकनीकी काम को पूरा किया जा रहा है ताकि भविष्य में कोई बड़ा हादसा न हो।
अधिकारियों से मिली जानकारी के मुताबिक पुल पर नई बेरिंग लगाने का यह काम अगले पांच दिनों में पूरा होने की उम्मीद जताई जा रही है। इस मुख्य काम के खत्म होने के बाद, पुल की और भी अच्छे से मरम्मत की जाएगी और उसे पूरी तरह सुधार कर ही खोला जाएगा। प्रशासन ने इस रूट पर चलने वाले सभी वाहन चालकों से अपील की है कि वे सफर के दौरान सब्र रखें और नदी के पेटे में बने वैकल्पिक मार्ग का इस्तेमाल बेहद सावधानीपूर्वक करें। साथ ही, जाम की स्थिति से बचने के लिए यातायात व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस और प्रशासन का सहयोग करें।