भाजपा के एक दर्जन से ज्यादा लोग महापौर पद के लिए सपना देख रहे हैं। वहीं पार्षद के लिए भी एक वार्ड से आठ से दस उम्मीदवार हैं। ऐसे में पार्टी को इन सभी को संभालना मुश्किल होगा।
Alwar News: अलवर नगर निगम बोर्ड का कार्यकाल पूरा होते ही निकाय चुनाव की तैयारियों में भाजपा जुट गई है। भाजपा के एक दर्जन से ज्यादा लोग महापौर पद के लिए सपना देख रहे हैं। वहीं पार्षद के लिए भी एक वार्ड से आठ से दस उम्मीदवार हैं। ऐसे में पार्टी को इन सभी को संभालना मुश्किल होगा। हालांकि पार्टी ने साफ कर दिया कि जिताऊ व टिकाऊ उम्मीदवार ही मैदान में आएगा।
स्थानीय नेतृत्व का आदेश जैसे ही मिलेगा, उसके बाद बायोडाटा लेने से लेकर अन्य कार्य होंगे, फिलहाल बायोडाटा नहीं लिए जा रहे हैं। पदाधिकारी अपनी बात संगठन जिलाध्यक्ष के पास रख सकते हैं। मेयर से लेकर पार्षद के लिए आरक्षण तय होना है। इसके लिए जिला प्रशासन लॉटरी सिस्टम अपनाएगा। इस निर्धारण दिसंबर में किए जाने की तैयारी है। जैसे ही आरक्षण तय होगा तो उसी हिसाब से उम्मीदवारों का चयन होगा। इसके लिए कमेटी बनेगी, जिसमें मंत्री से लेकर संगठन के पदाधिकारी होंगे।
यह सूची प्रदेश अध्यक्ष भाजपा के पास जाएगी। वहां से नाम फाइनल होंगे। कुछ पार्षदों का टिकट काटने की भी तैयारी है। उन पर आरोप भी हैं। साथ ही संगठन विरोधी गतिविधियों के भी आरोप लगे हैं। कुछ नए चेहरे भी आएंगे। जिलाध्यक्ष अशोक गुप्ता का कहना है कि जिताऊ व टिकाऊ उम्मीदवार को ही टिकट दिया जाएगा। पार्टी के निकाय चुनाव को लेकर जो आदेश मिलेंगे, उसके अनुसार कार्य करेंगे।
कांग्रेस ने भी मेयर चुनाव की तैयारी शुरू कर दी है। दावेदार अपने संगठन के नेताओं से मिलने लगे हैं। यहां भी आरक्षण की स्थिति तय होने के बाद ही उम्मीदवारों के नाम पर मुहर लगेगी। पार्टी जिताऊ उम्मीदवार को ही मैदान में उतारेगी।