नर्सिंग स्टूडेंट में पौधरोपण के प्रति रूझान बढे और प्रकृति के नजदीक आए। इसलिए लगाए गए पौधे नर्सिंग स्टूडेंट के नाम से लगाए जाएंगे। इनकी देखभाल ये ही स्टूडेंट करेंगे।
अलवर. आगामी समय में अलवर के सरकारी अस्पतालों में मरीजों को फल व छाया की कोई कमी नहीं रहेगी। चिकित्सा विभाग की ओर से अलवर के सामान्य चिकित्सालय, शिशु चिकित्सालय व जनाना अस्पताल परिसर में करीब 250 पौधे लगाए जाएंगे। इतना ही नहीं इन पौधों की देखभाल की जिम्मेदारी नर्सिंग स्टूूडेंट को दी जाएगी। अच्छी देखभाल करने वाले स्टूडेंट को बोनस अंक भी दिए जाएंगे।
नर्सिंग स्टूडेंट के नाम से लगेंगे पौधे
प्रमुख चिकित्सा अधिकारी डाक्टर सुनील चौहान ने बताया कि कोरोना के दौरान आक्सीजन की कमी सबको महसूस हुई है। इसके लिए अब हम सबको सचेत रहने की जरुरत है। इसलिए अस्पतालों में पौधरोपण कार्य किए जाएंगे। इसके लिए अस्पताल में मशीन मंगवाकर गड्ढे खोदने का कार्य करवाया जाएगा। पहली प्राथमिकता फल वाले पौधों की रहेगी। जिससे कि अस्पताल में आने वाले मरीजों को फल भी मिल सकेंगे। साथ ही बंदर आदि को भी अपना भोजन मिल सकेगा। इन्हें पेड़ों से भोजन मिलेगा तो यह इंसानों को काटना भी बंद कर देंगे।
प्रमुख चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि नर्सिंग स्टूडेंट में पौधरोपण के प्रति रूझान बढे और प्रकृति के नजदीक आए। इसलिए लगाए गए पौधे नर्सिंग स्टूडेंट के नाम से लगाए जाएंगे। इनकी देखभाल ये ही स्टूडेंट करेंगे। जब स्टूडेंट यहां से ट्रेनिंग लेकर जाएगा तो पौधों की जिम्मेदारी किसी दूसरे स्टूडेंट को सौंप कर जाएगा। सबसे खास बात यह है कि जो स्टूडेंट पौधों की देखभाल अच्छी तरह से करेगा। उसे अच्छे बोनस मार्ग दिए जाएंगे। जो उसकी रिपोर्ट में भी जोडें जाएंगे।
आक्सीजन वाले पौधे भी लगेंगे
प्रमुख चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि पूर्व में भी नर्सिंग स्टूडेंट में पौधों की देखभाल में रूचि जगाई है। इसके साथ ही आक्सीजन वाले पौधे भी लगाए जाएंगे। ज्यादा पौधे लगने से पर्यावरण में आक्सीजन की कोई कमी नहीं रहेगी। पूर्व में किए गए पौधरोपण की भी अच्छी से देखभाल की जा रही है जिससे पौधे समय पर बडे हो सके। मरीजों व उनके परिजनो को फल व छाया मिल सके।