अलवर

Alwar Bus Accident: अभी तो चलना भी नहीं सीखा था; मां-पिता-बहन सबको छीन लिया, बिलखती रिद्धी को संभालते रहे थाना प्रभारी

Alwar Bus Accident: राजस्थान के अलवर जिले में मंगलवार तड़के हुए हादसे से आई तस्वीरों ने लोगों को अंदर से हिलाकर रख दिया है। 2 साल की रिद्धी इस भीषण हादसे में बच गई, लेकिन अब वह अनाथ हो गई है।

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Apr 14, 2026
2 साल की रिद्धी को दुलारते थाना प्रभारी राजेश कुमार (फोटो-पत्रिका)

अलवर। दो साल की रिद्धी को पता नहीं कि एक हादसे ने उसके माता-पिता और बड़ी बहन को उससे छीन लिया है। वह बस रोते ही जा रही थी। बच्ची को राजगढ़ थाना प्रभारी राजेश कुमार अपनी गोद में लेकर दुलारते रहे। इसके बाद भी बच्ची का रोना बंद नहीं हुआ तो थाना प्रभारी ने उसे अपने मोबाइल पर कार्टून फिल्म दिखाई। इसके अलावा बच्ची को बहलाने के लिए खिलौने दिए, चिप्स खिलाए और कोल्ड ड्रिंक व पानी पिलाया।
राजगढ़ थाने का वीडियो वायरल

दरअसल, दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर अलवर जिले के पिनान इंटरचेंज की पुलिया नंबर 128 को पार करते समय मंगलवार तड़के करीब 5 बजे मध्यप्रदेश के उज्जैन से दिल्ली जा रही स्लीपर कोच बस आगे चल रहे ट्रक से टकराने के बाद मिडवे जोन के एंगल से जा टकराई। इस हादसे में बस चालक उत्तरप्रदेश के फिरोजाबाद निवासी मोनू यादव पुत्र संतोष यादव (32), उसकी पत्नी रीना (31) व बेटी शक्ति उर्फ डोली (8) की मौत हो गई।

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हादसे में 31 लोग हुए घायल

मोनू की 2 साल की बेटी रिद्धी की जान बच गई। इस हादसे में 31 यात्री घायल हो गए। हादसे के बाद ट्रक में भरे केमिकल के ड्रम सड़क पर बिखर गए। इनमें कुछ ड्रम फट गए, जिससे केमिकल सड़क पर बह गया। हालांकि इससे आग नहीं लगी, वरना बड़ा हादसा हो सकता था।

केबिन में ही बैठा था चालक का परिवार

दुर्घटनाग्रस्त हुई स्लीपर कोच बस सोमवार रात करीब 9 बजे उज्जैन से दिल्ली के लिए रवाना हुई थी। मृतक मोनू ने अपनी पत्नी रीना और बेटी शक्ति उर्फ डोली को अपने साथ ही बस के केबिन में बैठा रखा था। दो साल की बेटी को रिद्धी को रीना ने अपनी गोद में ले रखा था। हादसे में केबिन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया।

देरी से पहुंची NHAI की एंबुलेंस

सूचना मिलते ही पिनान सीएचसी की दो एंबुलेंस मौके पर पहुंची और घायलों को सीएचसी पहुंचाया गया। एनएचएआइ की एंबुलेंस हादसे के करीब एक घंटे बाद मौके पर पहुंची, तब तक घायल यात्री सड़क पर पड़े दर्द से तड़पते रहे। इनमें कुछ बच्चे भी शामिल थे। इसे लेकर घायल यात्रियों में आक्रोश जताया।

बस चालक को आ रहे थे नींद के झोंके

बस में सवार यात्री नजबगढ़ निवासी अनिल कुमार ने बताया कि बस चालक को बार-बार नींद के झोंके आ रहे थे। मैंने उससे साइड में बस खड़ी कर कुछ देर आराम करने के लिए कहा, लेकिन उसने मेरी बात नहीं सुनी। इसके करीब दस मिनट बाद ही यह हादसा हो गया।

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Published on:
14 Apr 2026 09:03 pm
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