राजस्थान के अलवर जिले के दौलत खान सीआरपीएफ की रैपिड एक्शन फाॅर्स की बटालियन 194 में तैनात हैं। उन्हें यह पदक नक्सलियों को ढेर करने पर मिला है।
अलवर. राजस्थान के अलवर जिले के लक्ष्मणगढ़ के महराना गांव के दौलत खान को बिहार के नवादा में चार नक्सलियों को ढेर करने पर राष्ट्रपति पुलिस वीरता पदक से सम्मानित किया गया है। दौलत वर्तनाम में सीआरपीएफ की रैपिड एक्शन फाॅर्स की बटालियन 194 में तैनात हैं। उन्हें 17 मार्च को सीआरपीएफ के स्थापना दिवस पर गुरुग्राम में सम्मानित किया गया। दौलत खान ने बताया कि 8 मार्च 2017 में उनकी टीम नवादा के जंगलों में नक्सलियों के सर्च ऑपरेशन पर निकली थी। नक्सलियों की फायरिंग पर जवान उनपर टूट पड़े और 25 मिनट तक मुठभेड़ हुई। मुठभेड़ में तीन कमांडर सहित चार नक्सली ढेर हुए। अन्य नक्सली नक्सली वहां से भाग खड़े हुए। नक्सलियों के मारे जाने के अलावा दो एके 47, राइफल के अलावा भारी मात्रा में बारुद भी बरामद हुआ था।
दौलत ने कहा- यह गौरव की बात
राष्ट्रपति पुलिस वीरता पदक से सम्मानित होने पर उन्होंने कहा कि यह मेरे लिए गौरव की बात है। उन्होंने कहा कि देश सेवा करना बड़ा सम्मान है। पदक मिलने पर उन्हें ख़ुशी है। वे मार्च 2001 में सीआरपीएफ में भर्ती हुए थे। उन्होंने बिहार, झारखण्ड, कश्मीर, मणिपुर, नागालैंड, ओडिशा आदि जिलों में सेवाएं दी हैं। दौलत के परिवार में पांच जने सेना में हैं। उनके भाई रणमल खान सूबेदार मेजर हैं। उनके भतीजे आशीफ खान और बरकत खान सेना में जवान हैं। उनके भांजे साहुन खान बारामुला कश्मीर में सीआरपीएफ में एएसआई हैं।