
CM Bhajanlal Sharma's visit InKhairthal: खैरथल नगर परिषद में भाजपा का बोर्ड बनने के बाद मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सोमवार को पहली बार खैरथल पहुंचे। करीब एक घंटे देरी से पहुंचे मुख्यमंत्री का हेलीपैड पर भाजपा नेताओं और पदाधिकारियों ने स्वागत किया। इसके बाद वे इस्माइलपुर रोड स्थित होटल ग्रीनलैंड में आयोजित विजय सभा में पहुंचे। कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र सिंह यादव भी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने खैरथल में आयोजित कार्यक्रम के दौरान अलवर, खैरथल-तिजारा और कोटपूतली-बहरोड़ जिलों से जुड़े 117.26 करोड़ रुपए की लागत वाले कुल 95 विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और आमजन मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने सेवा संकल्प अभियान के तहत आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करने के साथ कार्यकर्ताओं से संवाद भी किया।
सीएम ने तीनों जिलों में कुल मिलाकर 117.26 करोड़ रुपए की लागत वाले 95 विकास कार्यों का शिलान्यास और लोकार्पण किया गया है। जिलेवार बात करें तो अलवर जिले में 51.95 करोड़ रुपए की लागत से कुल 43 विकास कार्यों का शिलान्यास किया गया। खैरथल-तिजारा जिले को सर्वाधिक 50 विकास कार्यों की सौगात मिली, जिसमें 48.08 करोड़ रुपए के 27 कार्यों का शिलान्यास और 13.23 करोड़ रुपए के 23 कार्यों का लोकार्पण शामिल है, यानी यहां कुल 61.31 करोड़ रुपए के कार्य हुए। वहीं, कोटपूतली-बहरोड़ जिले में 4 करोड़ रुपए की लागत से 2 कार्यों का शिलान्यास कराया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इन विकास परियोजनाओं से क्षेत्र में बुनियादी ढांचे, जनसुविधाओं और कनेक्टिविटी को मजबूती मिलेगी। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि जनकल्याणकारी योजनाओं और विकास कार्यों का लाभ आमजन तक पहुंचे तथा स्थानीय जरूरतों के अनुरूप विकास को गति मिले।
कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र सिंह यादव ने खैरथल को ‘ग्रेटर खैरथल’ बनाने की मांग मुख्यमंत्री के सामने रखी। उन्होंने क्षेत्र के विकास के लिए बीड़ा को बीडीए में बदलने की प्रक्रिया शुरू करने का भी आग्रह किया। उनका कहना था कि इससे क्षेत्र में नियोजित विकास और आधारभूत सुविधाओं को गति मिल सकेगी।
मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान भाजपा कार्यकर्ताओं में भी उत्साह नजर आया। सभा में विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियां हुईं। कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं के साथ संवाद किया। तीन जिलों के लिए स्वीकृत और शुरू किए गए विकास कार्यों को क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं से जोड़कर देखा जा रहा है।