
कोटपूतली में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने रिश्वतखोरी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए पुलिस उप निरीक्षक को 3,500 रुपए रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान राजेन्द्र सिंह के रूप में हुई है। वह कोटपूतली पुलिस थाने में उप निरीक्षक के पद पर तैनात है। एसीबी ने आरोपी से रिश्वत की राशि बरामद कर ली है और मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है।
एसीबी के अनुसार, अलवर प्रथम चौकी को एक परिवादी ने शिकायत दी थी। शिकायत में बताया गया कि उसने बैंक के खिलाफ न्यायालय के माध्यम से कोटपूतली थाने में मुकदमा दर्ज करवाया था। इस मामले की जांच उप निरीक्षक राजेन्द्र सिंह कर रहे थे। आरोप है कि मुकदमे में आगे की कार्रवाई करने के बदले उप निरीक्षक ने परिवादी से 5,000 रुपए रिश्वत की मांग की।
शिकायत मिलने के बाद एसीबी चौकी अलवर प्रथम ने 19 अगस्त को रिश्वत की मांग का सत्यापन करवाया। सत्यापन के दौरान आरोपी द्वारा परिवादी से 5,000 रुपए रिश्वत मांगना पाया गया। इसी दौरान आरोपी ने 1,500 रुपए रिश्वत की राशि प्राप्त कर ली थी। बाकी 3,500 रुपए बाद में लेना तय हुआ था।
मांग की पुष्टि होने के बाद एसीबी ने ट्रैप की योजना बनाई। उप महानिरीक्षक पुलिस डॉ. रामेश्वर सिंह के सुपरविजन में एसीबी चौकी अलवर प्रथम के प्रभारी शब्बीर खान, उप अधीक्षक पुलिस के नेतृत्व में गुरुवार को कार्रवाई की गई।
ट्रैप कार्रवाई के दौरान जैसे ही उप निरीक्षक राजेन्द्र सिंह ने परिवादी से 3,500 रुपए रिश्वत की बाकी राशि ली, एसीबी की टीम ने उसे रंगे हाथों पकड़ लिया। आरोपी के कब्जे से रिश्वत की राशि बरामद कर ली गई। इसके बाद आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
एसीबी के मुताबिक मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया जाएगा। आरोपी से पूछताछ के साथ ही मामले से जुड़े अन्य तथ्यों की भी जांच की जा रही है। पुलिस थाना कोटपूतली में अग्रिम कार्रवाई जारी है। एसीबी ने आम लोगों से भ्रष्टाचार के खिलाफ शिकायत करने की अपील की है।
ब्यूरो की टोल फ्री हेल्पलाइन 1064 और व्हाट्सऐप हेल्पलाइन 94135-02834 पर 24 घंटे शिकायत की जा सकती है। एसीबी ने कहा है कि किसी वैध काम के बदले सरकारी कर्मचारी की ओर से रिश्वत मांगने पर लोग बिना डर शिकायत करें।