नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने गुरुवार को मोती डूंगरी स्थित कार्यालय पर जनसुनवाई की। जिसमें प्रदेशभर से बड़ी संख्या में लोग अपनी परिवेदनाएं लेकर पहुंचे। जूली ने मौके से ही अधिकारियों को इन परिवेदनाओं के निस्तारण के निर्देश दिए।
अलवर.
नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने गुरुवार को मोती डूंगरी स्थित कार्यालय पर जनसुनवाई की। जिसमें प्रदेशभर से बड़ी संख्या में लोग अपनी परिवेदनाएं लेकर पहुंचे। जूली ने मौके से ही अधिकारियों को इन परिवेदनाओं के निस्तारण के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि भले ही प्रदेश में राज भाजपा का हो, लेकिन आज भी जनता कांग्रेस पार्टी के जनप्रतिनिधियों तक अपनी बात लेकर पहुंच रही है। उन्हें भाजपा के नेताओं पर विश्वास नहीं है।उन्होंने कहा कि अलवर के शहर विधायक और जिले के सांसद शहर और जिले को छोड़कर यात्राओं में मस्त है। ऐसे में जनता अपनी समस्या किसे बताएं। उन्होंने कहा कि न केवल ग्रामीण बल्कि शहर में भी बिजली की आंखमिचौली से लोग परेशान हैं। पानी के लिए जनता तरस रही है। रोज जाम लगाए जा रहे हैं। लेकिन भाजपा ने पानी की समस्या को गंभीरता से नहीं लिया वे केवल कोरी राजनीति करते रहे।
देश में चल रहा है अघोषित आपातकाल
जूली ने आपातकाल के मुद्दे पर पलटवार करते हुए कहा कि उस समय देश में घोषित आपातकाल था, जिसको लेकर भाजपा के नेता बेवजह हंगामा खड़ा कर रहे हैं। आज देश मे अघोषित आपातकाल चल रहा है। इस राज में जनता की आवाज को सुना नहीं जा रहा है, विपक्ष यदि अपनी बात रख रहा है तो उन्हें गिरफ्तारी का डर दिखाकर उनके खिलाफ हो मुकदमे दर्ज कराए जा रहे हैं। पूरे देश में सरकारी एजेंसी का दुरुपयोग कर भाजपा ने अघोषित आपातकाल लगा दिया है। उन्होंने कहा कि बीजेपी के नेता अपने गिरेबां में झांककर देखें कि किसी प्रदेश के मुख्यमंत्री को यदि आप जेल में डाल रहे हैं तो आम जन के साथ आप कैसा बर्ताव करेंगे।