
Mousam News: पिछले कुछ दिनों से बारिश का सिलसिला थमा हुआ है, जिसकी वजह से मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है। आसमान में बादलों की आवाजाही तो बनी हुई है, लेकिन बरसने के बजाय वे सिर्फ उमस बढ़ा रहे हैं। दोपहर के समय तेज धूप और चिपचिपी गर्मी के कारण लोगों का घरों और दफ्तरों से बाहर निकलना दूभर हो गया है। सबसे ज्यादा परेशानी राहगीरों और बाइक सवारों को हो रही है। हैरान करने वाली बात यह है कि अलवर में सूरज ढलने के बाद भी लोगों को गर्मी से कोई राहत नहीं मिल पा रही है और शाम को भी हवा न चलने के कारण भारी बेचैनी बनी हुई है।
तापमान के आंकड़ों पर नजर डालें तो पिछले चौबीस घंटों में गर्मी ने तेजी से पैर पसारे हैं। रविवार की तुलना में सोमवार को अधिकतम तापमान में अचानक उछाल देखा गया। जिसके बाद अलवर में पारा सोमवार दोपहर 12 बजे तक 37 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। रात के तापमान में भी करीब 2 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिससे रातें भी काफी गर्म और बेचैन करने वाली हो गई हैं।
मौसम के इस बदले रुख को लेकर आम जनता अब बेसब्री से बारिश का इंतजार कर रही है। हालांकि, मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि यह गर्मी और उमस दरअसल आने वाली अच्छी बारिश का संकेत है। मौसम विभाग के ताजा अनुमान के अनुसार, 16 जुलाई से अलवर सहित आसपास के इलाकों में एक बार फिर मानसून का नया सिस्टम सक्रिय होने की पूरी संभावना बन रही है।
मौसम विभाग का कहना है कि 16 जुलाई को मानसून के दोबारा एक्टिव होते ही जिले में झमाझम बारिश का दौर शुरू हो जाएगा। राहत की बात यह है कि यह बारिश केवल एक दिन की नहीं होगी, बल्कि इसके बाद लगातार तीन से चार दिनों तक जिले में अच्छी और भारी बारिश होने के आसार हैं। ऐसे में उम्मीद जताई जा रही है कि तीन-चार दिनों बाद अलवर वासियों को इस भीषण उमस और चिपचिपी गर्मी से पूरी तरह निजात मिल जाएगी और मौसम एक बार फिर सुहाना हो जाएगा। तब तक लोगों को गर्मी का यह सितम झेलना पड़ेगा।