सरिस्का टाइगर रिजर्व इन दिनों गर्मी के मौसम में रोमांचक वन्यजीव गतिविधियों का केंद्र बना हुआ है। मई-जून की तपती गर्मी से राहत पाने के लिए बाघ और बाघिन वाटर हॉल के पास शरण ले रहे हैं।
सरिस्का टाइगर रिजर्व इन दिनों गर्मी के मौसम में रोमांचक वन्यजीव गतिविधियों का केंद्र बना हुआ है। मई-जून की तपती गर्मी से राहत पाने के लिए बाघ और बाघिन वाटर हॉल के पास शरण ले रहे हैं। जंगल सफारी पर आए पर्यटकों को दो बाघों की रोमांचक गतिविधियां देखने को मिलीं, जिन्हें उन्होंने अपने मोबाइल कैमरों में कैद भी किया।
नेचर गाइड अर्जुन मीणा ने बताया कि सदर रेंज के वन क्षेत्र में पर्यटकों को बाघिन एसटी-9 चीतल का शिकार कर पानी से निकलते हुए दिखाई दी। गर्मी से राहत पाने के लिए वह पहले वाटर हॉल में उतरी और फिर पर्यटकों की मौजूदगी से असहज होकर शिकार को लेकर जंगल की ओर चली गई।
वहीं दूसरी ओर, बाघ एसटी-21 पानी में उतरकर अपनी ही परछाई को देखता नजर आया। यह दृश्य पर्यटकों के लिए किसी रोमांच से कम नहीं था। बाघ की सहज हरकतें देखकर पर्यटक मंत्रमुग्ध रह गए।
इस बार सरिस्का के जंगलों में पानी की अधिक किल्लत नहीं है, क्योंकि बीच-बीच में हुई बारिश से वाटर हॉल में पर्याप्त पानी जमा है। इसके चलते बाघों की गतिविधियां पानी के आसपास ज्यादा देखने को मिल रही हैं। गौरतलब है कि अब सरिस्का में टाइगर्स की संख्या बढ़ने लगी है, जिससे इनका जंगल में दिखाई देना अब आम होता जा रहा है। वन्यजीव प्रेमियों और पर्यटकों के लिए यह समय सरिस्का घूमने का बेहद अनुकूल माना जा रहा है।