मां की फटकार सुनकर कमरे में चली गई थी 16 वर्षीय बेटी, शाम तक नहीं निकली तो देखने गए थे परिजन
अंबिकापुर. आज कल के बच्चों में इतना भी संयम नहीं रह गया है कि मां-बाप की डांट को सहन कर सकें। माता-पिता की डांट के बाद कई बार वे ऐसा कदम उठा लेते हैं जिसका गम परिवार वालों को जिंदगी भर के लिए हो जाता है। ऐसे ही एक मामले में बेटी को मां ने टीवी देखने से मना किया तथा फटकार लगा दी तो उसने साड़ी के फंदे से फांसी लगाकर जान दे दी।
जब कमरे में माता-पिता ने उसे इस हाल में देखा तो उनके होश उड़ गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को नीचे उतारा तथा पीएम के लिए मेडिकल कॉलेज अस्पताल भिजवाया। इधर बेटी की मौत से परिजन सदमे में हैं। वे खुद को कोस रहे हैं कि आखिर उन्होंने बेटी को क्यों डांटा।
अंबिकापुर से लगे ग्राम परसापाली निवासी १६ वर्षीय अरिना लकड़ा पिता लखन लकड़ा शनिवार की सुबह अपने घर में टीव्ही देख रही थी। इस दौरान उसकी मां ने उसे फटकार लगाते हुए कहा कि टीवी मत देखो। मां की यह बात उसे इतनी नागवार गुजरी कि वह भागती हुई अपने कमरे में चली गई।
जब देर शाम तक वह कमरे से बाहर नहीं निकली तो माता-पिता उसे देखने गए। जब उन्होंने कमरे का दरवाजा खोलकर भीतर प्रवेश किया तो वहां का नजारा देख उनके होश उड़ गए। बेटी फांसी के फंदे से झूल रही थी। किशोरी ने फांसी लगाने के लिए मां की साड़ी का उपयोग किया था। इसकी सूचना परिजनों ने मणिपुर चौकी में दी।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और किशोरी का शव फांसी के फंदे से नीचे उतरवाया। उन्होंने पंचनामा पश्चात शव को पीएम के लिए मेडिकल कॉलेज अस्पताल भिजवाया। पुलिस ने रविवार को पीएम पश्चात शव उसके परिजन को सौंप दिया है। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की विवेचना शुरु कर दी है।
घर में पसरा मातम
बेटी की मौत से घर में मातम पसर गया है। वहीं मां का रो-रोकर बुरा है। मां खुद को कोस रही है कि उसने आखिर बेटी को क्यों डांटा।