बेटी की बातों को अनसुना करना माता-पिता को पड़ा महंगा, मासूम बेटी की मौत से रो-रोकर बुरा हाल
अंबिकापुर. मध्यप्रदेश से एक परिवार सूरजपुर जिले के देवनगर में अपने रिश्तेदार के घर पर रहकर मजदूरी करता था। रात में सभी खाना खाकर जमीन पर सोए थे। इसी दौरान 10 वर्षीय मासूम बेटी को जहरीले सांप ने डस लिया। दर्द होने का अहसास हुआ तो उसने मां को बताया। इस पर उसकी मां ने ज्यादा ध्यान नहीं दिया और सोने को कह दिया।
सुबह जब सभी सोकर उठे तो बेटी की तबीयत ज्यादा खराब हो चुकी थी। उन्हें पता चल चुका था कि उसे सांप ने डस लिया है। आनन-फानन में वे उसे लेकर जिला अस्पताल पहुंचे। यहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। बेटी की असमय मौत से माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है। यदि बेटी की बात मानकर रात में ही वे उसे अस्पताल ले जाते तो शायद उसकी जान बच जाती।
मध्यप्रदेश के अनूपपुर जिले के बिजुरी से लगे ग्राम रामनगर निवासी छोटाकाइली कोल अपनी पत्नी व बच्चों के साथ सूरजपुर के ग्राम देवनगर स्थित उरांवपारा मजदूरी करने आया था। वह अपने रिश्तेदार जंगली उरांव के घर किराए पर रहता था। बुधवार की रात सभी खाना खाकर जमीन पर सोए थे।
इसी बीच रात करीब 11 बजे उसकी 10 वर्षीय बेटी आरती को किसी जहरीले सांप ने डस लिया। काटने का अहसास होने पर वह उठ गई। उसने अपनी मां को उठाया और कहा कि उसे किसी चीज ने काट लिया है। इस दौरान पिता की भी नींद खुल गई। उन्होंने सोचा कि किसी कीड़े ने काटा होगा और ज्यादा ध्यान नहीं दिया।
उन्होंने जैसे-तैसे बेटी को सुला दिया। सुबह जब वे उठे तो देखा कि आरती की तबीयत ज्यादा खराब हो गई है। उन्होंने बेटी के शरीर पर देखा तो सांप डसने का निशान बना था। इसके बाद वे उसे तत्काल लेकर जिला अस्पताल सूरजपुर पहुंचे। यहां उसकी मौत हो गई। बेटी की मौत से माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
बच सकती थी जान
यदि माता-पिता अपनी बेटी की बात सुनकर रात में ही उसे अस्पताल ले जाते तो उसकी जान बच सकती थी। उन्हें जरा भी अंदेशा नहीं था कि आरती को सांप ने डसा होगा। गौरतलब है कि बारिश के दिनों में जमीन में सोने के दौरान सांप के डसने से सरगुजा संभाग में अब तक काफी लोगों की मौत हो चुकी है।