
अंबिकापुर। मैनपाट के ग्राम कुनिया में शनिवार की शाम एक नवविवाहिता (Newly married Suspicious Death) की घर पर फांसी के फंदे पर लटकती लाश मिली। पति समेत अन्य परिजन द्वारा रस्सी काटकर शव उतारा गया और अस्पताल ले गए। यहां जांच पश्चात डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इधर मायके वालों ने बेटी की हत्या कर शव को फंदे पर लटकाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि ससुराल वाले दहेज के लिए लगातार मारपीट व प्रताडि़त करने के साथ ही कार की डिमांड कर रहे थे। मृतका के पिता का कहना है कि बेटी के शरीर पर चोट के निशान भी मिले हैं। घटना के तीसरे दिन अंबिकापुर में विशेषज्ञ डॉक्टरों की उपस्थिति में शव का पीएम किया गया। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
सरगुजा जिले के मैनपाट क्षेत्र के ग्राम कुनिया निवासी मिनी यादव 23 वर्ष (Newly married girl) की शादी गांव के ही अनुज यादव से 3 वर्ष पूर्व हुई थी। दोनों की एक 16 माह की बेटी भी है। बताया जा रहा है कि 11 जुलाई की शाम पति अपनी बेटी को लेकर किराना दुकान गया था, घर में सिर्फ उसकी सास थी। बताया जा रहा है कि इसी बीच उसकी घर की परछी में फांसी पर लटकती लाश मिली। कुछ देर बाद पति घर पहुंचा तो रस्सी काटकर उसे नीचे उतारा गया।
परिजन उसे लेकर नर्मदापुर स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे। यहां जांच पश्चात डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मामले की सूचना मिलते ही मृतका के मायके वाले भी अस्पताल पहुंचे। उन्होंने बेटी की हत्या (Allegation of murder) कर शव को फांसी पर टांगने का आरोप ससुराल वालों पर लगाया है। उनका दावा है कि बेटी के शव पर चोट के निशान थे।
मृतका के परिजन (Newly married relatives) ने नर्मदापुर अस्पताल में हंगामा करते हुए वहां पीएम वहां नहीं कराकर अंबिकापुर के विशेषज्ञ चिकित्सकों से कराने की मांग की। ऐसे में रविवार को भी पीएम नहीं हो सका था।
सोमवार को अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल में कार्यपालिक मजिस्ट्रेट की उपस्थिति में गायनिक, सर्जन और फॉरेंसिक डॉक्टरों की टीम ने शव का पीएम किया। पीएम पश्चात शव परिजन को सौंप दिया गया। अब पीएम रिपोर्ट के बाद ही पता चल पाएगा कि मामला आत्महत्या या हत्या (Suicide or murder) का है।
मृतका के पिता संजय यादव का आरोप है कि शादी के बाद से ही बेटी मिनी को दहेज के लिए प्रताडि़त किया जा रहा था, जबकि उसने दहेज में बुलेट दिया था। वहीं शादी के बाद उसने 50 डिसमिल जमीन भी दी थी। इसके बावजूद कार की डिमांड की जा रही थी। पति, सास-ससुर व ननद द्वारा उससे मारपीट (Newly married beaten) की जाती थी। गांव में ही होने के बावजूद उसे 1 साल से मायके नहीं आने दिया गया था। उसकी बड़ी बहन राजपुर से आई तो मिलने नहीं दिया गया।
मृतका के भाई कुश यादव का कहना है कि घटना दिवस की शाम करीब 4 बजे उसने बहन को फोन किया था, लेकिन उसने कुछ नहीं बताया। कुछ देर बाद विवाद की सूचना पर वह बहन के ससुराल पहुंचा तो उसे मिलने नहीं दिया गया। उसने बताया कि घर के भीतर से बहन को पति, सास-ससुर व ननद द्वारा मारपीट किए जाने की आवाज आ रही थी। उसने कहा कि मारपीट के बाद हत्या कर बहन को फांसी (Murder and hanging body) पर लटकाया गया है।
इधर ससुराल वालों ने दहेज को लेकर प्रताडि़त करने की बात से इनकार किया है। उनका कहना है कि पति का नया मोबाइल पैंट समेत पानी में धुल गया था। इसे लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ था। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। पीएम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई (Police investigation) की बात कही जा रही है।