Teacher Dismissed: वायरल वीडियो के आधार पर भाजपा किसान मोर्चा के नेता ने डीईओ से की थी मामले की शिकायत, 4 सदस्यीय जांच समिति की रिपोर्ट पर डीईओ ने की कार्रवाई
अंबिकापुर। 20 दिन पूर्व कॉलेज की एक छात्रा के साथ कार में एक शिक्षक (Teacher Dismissed) आपत्तिजनक हालत में मिला था। क्षेत्र के युवकों ने दोनों का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया था। शिक्षक पद पर रहते हुए इस तरह के कृत्य में शामिल होने की की शिकायत बतौली के एक व्यक्ति ने डीईओ से की थी। मामले में जांच के बाद डीईओ ने स्वामी आत्मानंद इंग्लिश मीडियम स्कूल के संविदा शिक्षक सेवा समाप्त कर दी है। आदेश में कहा गया कि आपके इस कृत्य से स्कूल की गरिमा जहां भंग हुई, वहीं शिक्षा विभाग की भी छवि धूमिल हुई है।
सुरेश कुमार जायसवाल (Teacher Dismissed) स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय बतौली में संविदा व्याख्याता के रूप में पदस्थ था। 24 अप्रैल की रात वह अपनी कार में कॉलेज की एक छात्रा के साथ आपत्तिजनक हालत में मिला था। संदिग्ध हालत में कार खड़ी देख स्थानीय युवाओं ने उनका वीडियो बना लिया था। उक्त वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था।
मामले की लिखित शिकायत सरगुजा जिले के बतौली अंतर्गत शांतिपारा निवासी व भाजपा किसान मोर्चा प्रदेश कार्यसमिति के सदस्य अमित गुप्ता ने की थी। जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा मामले (Teacher Dismissed) की जांच के लिए 4 सदस्यीय समिति गठित की गई थी। इसमें बतौली व सीतापुर के एबीईओ समेत अन्य शामिल थे।
समिति द्वारा डीईओ को दिए गए प्रतिवेदन में उल्लेखित किया गया कि जांच (Teacher Dismissed) में यह स्पष्ट हुआ कि वायरल वीडियो में दिखाई देने वाला व्यक्ति सुरेश कुमार जायसवाल ही है तथा प्रयुक्त वाहन भी उनका ही था। उनके साथ मिली युवती उनकी पत्नी नहीं है। जांच प्रतिवेदन में कहा गया कि इस घटना से विद्यालय की गरिमा को गहरा आघात लगा एवं शिक्षा विभाग की छवि भी धूमिल हुई।
जांच प्रतिवेदन के आधार पर डीईओ द्वारा संविदा व्याख्याता सुरेश कुमार जायसवाल की संविदा नियुक्ति समाप्त (Teacher Dismissed) कर दी गई। इसका आदेश 13 मई को जारी किया गया। जारी आदेश में कहा गया कि सुरेश कुमार जायसवाल का यह कृत्य छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 के नियम-3 के तहत निर्धारित कर्तव्यों के प्रतिकूल, अत्यंत गंभीर, निंदनीय एवं दंडनीय है।