Hello Crime Network : जामताड़ा की तर्ज पर एमपी के निवाड़ी से ऑपरेट हो रहा 'हेलो क्राइम'। युवक-युवतियों को ब्लैकमेल करने वाले नेटवर्क का खुलासा। प्रदेशभर में इन जालसाजों ने अपनी जड़ें फैला रखी हैं। एक महिला जालसाज को अशोकनगर पुलिस ने पकड़ा।
Hello Crime Network : झारखंड के जामताड़ा की तर्ज पर मध्य प्रदेश में 'हेलो क्राइम' नाम का एक खतरनाक नेटवर्क अपने पांव पसार चुका है। निवाड़ी जिले का एक छोटा सा गांव थोना इस अपराध का गढ़ बनकर उभरा है, जहां से बैठकर जालसाज प्रदेश के युवक-युवतियों की इज्जत और जेब से खिलवाड़ कर रहे हैं। अब मामले में अशोकनगर पुलिस ने इस अंतरराज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए एक शातिर महिला सदस्य को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के मुताबिक, हनीट्रैप और मानसिक प्रताड़ना का कॉकटेल ये गिरोह किसी भी व्यक्ति को अपना शिकार बनाकर उसके लिए दोतरफा जाल बिछाता था। पुरुषों को मीठी बातों के जाल में फंसाकर उनसे मोटी रकम वसूली जाती थी। वहीं, महिलाओं को निशाना बनाने के लिए गिरोह व्हाट्सएप पर अश्लील मैसेज और फोन पर गालियों का सहारा लेता था। आरोपियों का मकसद पीड़ितों को मानसिक रूप से इतना प्रताड़ित करना होता है कि, वे बदनामी के डर से गिरोह की हर मांग पूरी करने को मजबूर हो जाएं।
इस हाई-प्रोफाइल रैकेट का खुलासा उस समय हुआ, जब अशोकनगर के शाढ़ौरा के अंतर्गत आने वाले सेमरी गांव की एक पीड़ित महिला ने हिम्मत दिखाकर 5 सितंबर 2025 को शाढ़ौरा थाने में शिकायत दर्ज कराई। महिला ने बताया कि, अज्ञात नंबरों से उसे लगातार व्हाट्सएप पर अश्लील मैसेज आ रहे हैं और फोन पर गालियां देकर डराया-धमकाया जा रहा है। थाना प्रभारी सुनील सिकरवार ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आईटी एक्ट के तहत केस दर्ज किया और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से लोकेशन ट्रेस की।
थाना प्रभारी सुनील सिकरवार ने बताया कि, लोकेशन के आधार पर एसआइ संध्या रघुवंशी के नेतृत्व में पुलिस टीम निवाड़ी जिले के थोना गांव पहुंची। जहां से 24 वर्षीय युवती को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपी ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया और अपने गिरोह द्वारा की जाने वाली वारदातों के बारे में पुलिस को जानकारी दी।
पुलिस के मुताबिक, निवाड़ी जिले का थोना गांव हेलो क्राइम का गढ़ माना जाता है। गिरफ्तार महिला आरोपी ने पूछताछ में जो बताया तो सुनकर पुलिस भी दंग रह गई। उसके अनुसार, वो अपने अन्य साथियों के साथ फर्जी सिमों का इस्तेमाल कर प्रदेश के कई जिलों में युवक-युवतियों को प्रेमजाल में फंसाकर व मानसिक प्रताड़ित कर पैसे ऐंठने का काम करती है। ये गिरोह संगठित तरीके से फर्जी सिमों का इस्तेमाल कर लोगों की इज्जत और पैसे से खिलवाड़ कर रहा था। इससे पुलिस अब प्रदेश के अन्य जिलों से भी ऐसे मामलों की जानकारी प्राप्त कर विवेचना में जुट गई है।
-पुलिस अब प्रदेश के ऐसे मामलों की अन्य जिलों से भी जानकारी जुटा रही है, ताकि पता चल सके कि कितने लोग इस गिरोह के शिकार बने।
-पुलिस अब यह पता लगा रही है कि इस गिरोह के तार प्रदेश के और किन-किन जिलों से जुड़े हैं। अन्य जिलों से जानकारी मंगाई जा रही है।
-गिरोह के पास इतनी बड़ी तादाद में फर्जी सिम कहां से आती थीं और गिरोह के यह लोग किस तरह से फर्जी सिमों को जुटाते थे।
-जालसाजी से कमाई गई रकम किन बैंक खातों में ट्रांसफर हुई, उन खातों की भी जांच होना चाहिए, ताकि कारोबार का खुलासा हो।
-इस हेलो क्राइम नेटवर्क गिरोह में कितने लोग शामिल हैं और गिरोह का सरगना कौन है, यह भी जानकारी जुटाना चाहिए।