HIGHLIGHTS चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ( Chinese President Xi Jinping ) ने अपने देश की सेना पीपल्स लिब्रेशन आर्मी (PLA ) से कहा है कि वह हर वक्त युद्ध के लिए तैयार रहें। राष्ट्रपति जिनपिंग ने सेना से वास्तविक युद्ध परिस्थितियों में ट्रेनिंग बढ़ाने के संदर्भ में हर पल तैयार रहने के लिए कहा है।
बीजिंग। विस्तारवादी नीति पर आगे बढ़ते हुए भारतीय क्षेत्र पर कब्जा जमाने की कोशिशों में जुटे चीन को भारतीय सेना ( Indian Army ) की जवाबी कार्रवाई से बड़ा झटका लगा है। लिहाजा, सीमा पर चीन की नापाक हरकतों की वजह से पिछले कई महीनों से भारत-चीन के बीच तनाव ( India China Tension ) बना हुआ है।
अब चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ( Chinese President Xi Jinping ) ने एक भड़काऊ बयान दिया है। जिनपिंग ने सोमवार को अपने देश की सेना पीपल्स लिब्रेशन आर्मी ( PLA ) से कहा है कि वह हर वक्त युद्ध के लिए तैयार रहें। उन्होंने सेना से कहा कि किसी भी सेकेंड कार्रवाई को तैयार रहें।
चीनी मीडिया शिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार, राष्ट्रपति जिनपिंग ने सेना से वास्तविक युद्ध परिस्थितियों में ट्रेनिंग बढ़ाने के संदर्भ में हर पल तैयार रहने के लिए कहा है। उन्होंने कहा कि किसी भी सेकेंड कार्रवाई के लिए तैयार रहना चाहिए और हर समय युद्ध की तैयारी रहनी चाहिए।
जिनपिंग ने कहा कि अग्रिम टकरावों का इस्तेमाल सैन्य क्षमता बढ़ाने के लिए होना चाहिए और प्रशिक्षण में बेहतर तकनीक का इस्तेमाल बढ़ाया जाए। उन्होंने सेंट्रल मिलिट्री कमीशन (Central Military Commission, CMC) के पहले ऑर्डर में वास्तविक युद्ध परिस्थितियों में प्रशिक्षण से सेना की मजबूती और जीतने की क्षमता बढ़ाने पर जोर दिया।
CPC की 100वीं वर्षगांठ पर PLA दिखाएगी ताकत
आपको बता दें कि चीन की सत्तारूढ़ कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ चाइना के 23 जुलाई 2021 को 100 साल पूरे हो रहे हैं। इस विशेष मौके पर भव्य कार्यक्रम आयोजित करने की तैयारी है। इसी के मद्देनजर राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने सेना को तैयारी करने को कहा है। इस विशेष मौके पर चीनी सेना PLA अपनी ताकत का प्रदर्शन करेगी। जिनपिंग ने कहा है कि 100वीं वर्षगांठ 'उत्कृष्ट प्रदर्शन' के साथ मनाने के लिए सैन्य ताकत के रूप में पीएलए सीएमसी और सीपीसी के आदेशों को पूरी तरह लागू करे।
साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक, सेना की ट्रैनिंग में कंप्यूटर सिम्यूलेशन और ऑनलाइन कॉम्बैट ड्रिल्स के साथ साथ हाई टेक और इंटरनेट के इस्तेमाल शामिल है, जिन्हें टेक+ और वेब+ के रूप में जाना जाता है। बता दें कि पिछले साल अप्रैल से ही LAC पर भारत-चीन के बीच तनाव जारी है और ऐसे में राष्ट्रपति जिनपिंग का ऐसा बयान काफी अहम है।