
दमिश्क। युद्धग्रस्त क्षेत्र सीरिया में लगातार भीषण हमलों का सिलसिला बरकरार है। सोमवार को सीरियाई सेना ने इजरायल पर मिसाइल से हमला करने का आरोप लगाया। सीरिया के मुताबिक आठ मिसाइलें दागी गई थीं। सीरियन ऑब्जर्वेटरी के मुताबिक, हमलों में कम से कम 14 ईरानी सैनिक मारे गए हैं। कुछ रिपोर्ट्स में रूसी सैनिकों के भी मारे जाने का दावा किया गया है। हालांकि इन आंकड़ों को लेकर कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है। वहीं अब तक इस आरोप पर इजरायल की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली है। अमरीका ने हमले में हाथ होने से साफ इनकार कर दिया है।
वैश्विक सियासत शुरू
सीरिया लंबे समय से राजनीतिक स्तर पर एक वैश्विक प्रयोगशाला बन गया है। मोटे तौर पर यहां मामला रूस बनाम अमरीका का है। ताजा मामले में रूस ने इजरायल पर लगे आरोपों का समर्थन किया। वहीं अमरीका ने हमलों में अपना हाथ होने से इनकार कर दिया है। आपको बता दें कि इजरायल और अमरीका अच्छे साथी हैं।
खंडहर में तब्दील हो रहा है सीरिया
इस्लामिक स्टेट्स के आतंकवाद का दंश झेल रहे इस इलाके में सात साल से चल रहे संघर्ष में करीब साढ़े चार लाख लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कई शहर पूरे के पूरे मलबे और खंडहर में तब्दील हो चुके हैं। बीते शनिवार को डोम शहर पर जहरीले बम से हमला हुआ था। सीरिया के विपक्षी नेताओं के मुताबिक इन हमलों में करीब 75 लोगों की मौत हुई थी, जबकि सैकड़ों लोग घायल हुए थे। हालांकि सीरिया सरकार ने ऐसे किसी हमले की बात से इनकार कर दिया। गृहयुद्ध के हालात से जूझ रहे सीरिया में निर्दोष लोग दर्दनाक मौत का शिकार हो रहे हैं। यहां का आर्थिक-सामाजिक ढांचा बुरी तरह से प्रभावित हो चुका है। आतंकी महिलाओं और बच्चों को भी जमकर प्रताड़ित कर रहे हैं। इस्लामिक जिहाद के नाम पर यहां सबकुछ बर्बाद हो चुका है।