रामलला की जन्मभूमि अयोध्या में एक बार फिर दीपोत्सव का नया विश्व रिकार्ड बनाने के लिए योगी सरकार ने कमर कस ली है। रामनगरी में 23 अक्तूबर को छठवें दीपोत्सव को लेकर तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। दीपोत्सव में इस बार सरयू तट को 14.50 लाख दीपों से रोशन करने का लक्ष्य है।
रामलला की जन्मभूमि अयोध्या में एक बार फिर दीपोत्सव का नया विश्व रिकार्ड बनाने के लिए योगी सरकार ने कमर कस ली है। रामनगरी में 23 अक्तूबर को छठवें दीपोत्सव को लेकर तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। दीपोत्सव में इस बार सरयू तट को 14.50 लाख दीपों से रोशन करने का लक्ष्य है। दीपोत्सव की तैयारियों पर मंथन किया जा रहा है। दीपोत्सव 2021 में 12 लाख दीयों से रामनगरी अयोध्या को जगमगा कर वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया। इनमें रामपैड़ी के 32 घाटों पर 9 लाख और अयोध्या के बाकी हिस्सों में 3 लाख दीये जलाए गए।
बैठक में मंथन
मंडलायुक्त नवदीप रिणवा ने कहाकि, इस मेले में अन्य वर्षों की तुलना में बहुत ज्यादा भीड़ होगी। सभी विभाग आपसी तालमेल समन्वय के साथ बेहतर व्यवस्था के साथ काम करें। सभी निर्माण कार्य को 30 सितम्बर 2022 तक प्रत्येक दशा में पूर्ण कर लिया जाय। इस बार 14.50 लाख दीप जलाने को कहा गया है। अतः राम मनोहर लोहिया विश्वविद्यालय के नोडल अधिकारी समय से टेंडर की प्रक्रिया को पूरा कर लें।
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निर्देश जारी -
इसके अलावा संस्कृति विभाग को निर्देश दिया गया है कि, भजन संध्या स्थल पर नियमित रूप से सांस्कृतिक कार्यक्रम व बस स्टेशन के निकट सांस्कृतिक मंच में भी नियमित कार्यक्रम कराया जाएं। मंडलायुक्त ने 30 सितंबर 2022 तक निर्माण कार्यो की सूची तैयार करने को कहा, जिससे कि नियमानुसार आवश्यक कार्यवाही किया जा सके।
वर्ष 2017 में दीपोत्सव की शुरूआत
योगी आदित्यनाथ की सरकार ने दीपोत्सव की शुरूआत 2017 में किया था। पांच साल में हर साल दिए जलाने का रिकार्ड बनाया है।
1. दीपोत्सव 2017 - 51 हजार दीये
2. दीपोत्सव 2018 - 3 लाख 1 हजार 152 दीये
3. दीपोत्सव 2019 - 4 लाख 4 हजार 226 दीये
4. दीपोत्सव 2020 - 6 लाख 6 हजार 569 दीये
5. दीपोत्सव 2021 - 12 लाख दिये ।