
Azamgarh encounter news: आजमगढ़ पुलिस ने प्रतिबंधित पशुओं के मांस की बिक्री किए जाने के मामले में एक आरोपी को मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार किया है। बताया जा रहा है कि मंगलवार को पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज किया था और बुधवार तड़के पुलिस के साथ आरोपी की मुठभेड़ हुई। वहीं, पुलिस ने घायल आरोपी को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती करा दिया है, जबकि तीन आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भागने में कामयाब रहे। पुलिस ने आरोपी के पास से अवैध तमंचा व कारतूस बरामद किया है। वहीं, फरार आरोपियों की तलाश के लिए टीम का गठन कर दिया गया है।
पुलिस ने बताया है कि मंगलवार को थाना सरायमीर के अंतर्गत सदरपुर में कुंवर नदी के किनारे स्थित खेत में दो प्रतिबंधित पशुओं के अवशेष बरामद हुए थे। घटना की जानकारी होने के बाद मौके पर पुलिस बल पहुंचा और मौका मुआयना किया गया। पशु चिकित्सा अधिकारी ने अवशेषों का परीक्षण कर नमूने भी संरक्षित किया। इस मामले में थाना सरायमीर पर अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। वहीं, घटना में शामिल आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए तीन टीमों का गठन किया गया था, ताकि आरोपी जल्द से जल्द पकड़े जा सकें।
पुलिस ने बताया है कि 9 सितंबर की सुबह मुखबिर से सूचना मिली की घटना में शामिल कुछ लोग प्रतिबंधित पशुओं के वध में प्रयुक्त हथियार लेकर सदरपुर से कादनपट्टी की तरफ जा रहे हैं। सूचना मिलने के बाद सरायमीर प्रभारी निरीक्षक द्वारा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की गई। वहीं, पुलिस टीम को देखकर चारों आरोपी भागने लगे। पुलिस ने जब इनका पीछा किया तो वे खेतों में घुस गए। इस दौरान तीन आरोपी अंधेरे और खेतों में लगी फसलों का सहारा लेकर भागने में कामयाब हो गए, जबकि एक आरोपी को पुलिस टीम ने घेर लिया।
पुलिस ने बताया है कि अपने आप को पुलिस टीम से घिरता देखकर आरोपी ने जान से मारने की नीयत से पुलिस पार्टी पर फायरिंग कर दी। फायरिंग करने के बाद पुलिस टीम ने आरोपी को आत्मसमर्पण के लिए चेतावनी दी, लेकिन दोबारा से आरोपी ने फायरिंग का प्रयास किया, जिसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की। वहीं, पुलिस की कार्रवाई में आरोपी के बाएं पैर में गोली लग गई, जिससे वह घायल होकर गिर पड़ा। पुलिस ने बताया है कि पकड़े गए आरोपी को इलाज के लिए जिला अस्पताल भेज दिया गया है। वहीं, उसके पास से .315 बोर का एक तमंचा, एक जिंदा कारतूस एक चापड़ भी बरामद हुआ है।
पुलिस ने बताया कि पकड़े गए आरोपी साबिर ने बताया है कि मंगलवार को अपने साथी सैफ, आजम और असजद के साथ मिलकर कुंवर नदी के किनारे स्थित खेत में गोवंश वध की घटना को अंजाम दिया था। आरोपी ने पूछताछ में बताया कि घटना में प्रयुक्त हथियार उनके द्वारा ही मौके पर ले जाया गया था। आरोपी के मुताबिक, पशु का वध करके उसकी मांस को उन्होंने बेच दिया और पैसों को आपस में बांट लिया था। पुलिस ने बताया है कि इस मामले में पकड़े गए आरोपी मोहम्मद साबिर के खिलाफ पहले से ही दो मुकदमे दर्ज हैं। प्रभारी निरीक्षक भुवनेश कुमार चौबे ने बताया कि इस मामले में फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीम का गठन कर दिया गया है, जल्द ही सभी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।