सडक़ के धुर्रे, निकल आई है नुकीली गिट्टियां प्रतिदिन हो रही दुर्घटनाएं, नहीं दिया जा रहा ध्यान
कहने को तो उकवा नगर खनिज नगरी है। कुछ वर्षों से यहां की सडक़ों के हाल इतने ज्यादा खराब है कि एक बार इस मार्ग से आने वाला दोबारा आना पसंद नहीं करता। लेकिन जिला मुख्यालय पहुंचने का मुख्य मार्ग होने के कारण मजबूरन हजारों लोगों को जान जोखिम में डाल कर इस मार्ग पर प्रतिदिन यात्रा करनी पड़ रही है। खासकर रूपझर से उकवा तक कुल पांच किमी का मार्ग अपनी
बता दें कि जिला मुख्यालय से बैहर तक का मुख्य मार्ग अति जजर्र हो गया था। संज्ञान लेकर कलेक्टर ने बालाघाट से बैहर मार्ग तक मरम्मतीकरण हेतु निविदा निकाली थी, कार्य भी हुआ। लेकिन सबसे अधिक प्रभावित रहवासी एरिया रूपझर से उकवा के बीच की मरम्म्मत कार्य नहीं किया गया। अब यह मार्ग पहले से भी अधिक जर्जर हो गया है। स्थानीयजनों की माने तो इस अकेले पांच किमी तक के मार्ग में ही 300 से अधिक गड्ढे हो गए हैं। सामान्य रूप से आने वालों को यह नजर नहीं आते और कारें और बाइक सवार प्रतिदिन गिर कर चोटिल हो रहे हैं। गाडिय़ों के कलपुर्जे हिलने लग गए हैं।
बताया गया कि इस मार्ग से होकर विश्व प्रसिद्ध कान्हा नेशनल पार्क देशी विदेशी सैलानी आवागमन किया करते हैं। बाहर से पहुंचने वाले इन मेहमानों के सामने भी क्षेत्र सहित पूरे जिले की छवि धुमिल होती है। मॉयल खदान में लगे बड़े दस चका वाहनों के चालकों को भी बेजा परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सडक़ों से डामर पूरी तरह गायब हो गया है। नुकीली गिट्टियां बाहर निकल गई है। वाहनों के गुजरते हुए वाहन पंचर होकर अनियंत्रित हो रहे हैं। पैदल चलने वाले लोगों की परेशानियां भी बेजा बढ़ गई है।
जर्जर सडक़ के धुर्रे उडऩे से वाहनों के गुजरने पर धूल के गुबार की परेशानी भी बढ़ गई है। सडक़ के निकट रहने वाले लोगों का जीना दूभर हो गया है। ग्रामीणों ने कलेक्टर से अपील की है कि शीघ्र अति शीघ्र रूपझर से उकवा तक शेष सडक़ के कार्य का दुरुस्ती करण करवा कर लोगों को परेशानियों से निजात दिलाएं।
इनका कहना है।
मार्ग प्रस्तावित होने के बाद भी ठेकेदार मार्ग का निर्माण क्यूं नहीं किया यह तो ज्ञात नहीं है। पर प्रशासन से मांग है कि सच में यह मार्ग किसी बड़ी दुर्घटना को खुला आमंत्रण है। इसे तत्काल सुधारा जाए।
जेम्स बारीक, सामाजिक कार्यकर्ता उकवा
अनेक बार आवेदन निवेदन और अखबारों के माध्यम से इस विषय पर मांग की गई। पर अभी तक कार्य पूर्ण नहीं हुआ है। यह कार्य अत्यन्त आवश्यक है, इसे शीघ्रता से पूर्ण किया जाना चाहिए।
नितिन कुमार, सामाजिक कार्यकर्ता
मेरी दुकान सडक़ के निकट है। सडक़ से वाहन गुजरते ही हमारी दुकान व मकान पूरा धूल के गुबार से सन जाता है। व्यापार के साथ जीवन भी प्रभावित हो रहा है। शीघ्र निर्माण कार्य किया जाना चाहिए।
संतोष रमेश सोनी, व्यापारी उकवा