नलपाड की मौजूदगी को लेकर विवादों में घिरी पार्टी
बेंगलूरु. प्रदेश युवक कांग्रेस ने बुधवार को रफाल युद्धक विमान सौदे के खिलाफ शहर में प्रदर्शन किया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने रफाल युद्धक विमान सौदे के खिलाफ कब्बन पार्क मेट्रो स्टेशन के सामने प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने विमान के मॉडल के साथ प्रदर्शन किया जिस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह का चेहरा लगा था।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जहां प्रदर्शन किया वह स्थल मिंक्स स्क्वायर स्थित सार्वजनिक क्षेत्र की विमान निर्माता कंपनी हिन्दुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (एचएएल) के मुख्यालय से चंद कदमों की दूरी पर है। कांग्रेस का आरोप है कि मोदी सरकार के इस सौदे में एचएएल को बाहर कर दिया। लेकिन प्रदर्शन किसी अन्य कारण से चर्चा में रहा।
शांतिनगर विधायक एन ए हैरिस के बेटे एम ए नलपाड प्रदर्शन में शामिल हुए जिसे लेकर यह चर्चा में रहा। शहर के एक रेस्तरां में मारपीट करने के आरोप में नलपाड की गिरफ्तारी के बाद कांग्रेस ने प्रदेश युवक कांग्रेस महासचिव रहे नलपाड को छह साल के लिए पार्टी से निष्कासित कर दिया था। नलपाड के प्रदर्शन में शामिल होने के कारण पार्टी के असहज स्थिति बन गई। हालांकि, पत्रकारों से बातचीत में नलपाड ने इस बारे में पूछे जाने पर कहा कि वे प्रदर्शन में एक साधारण नागरिक के तौर पर शामिल हुए हैं।
हालांकि, पार्टी सूत्रों का कहना है कि प्रदर्शन के आयोजन और भीड़ जुटाने मेें नलपाड की बड़ी भूमिका रही। राजनीतिक हलकों में इसे नलपाड की राजनीति में वापसी की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है। विधानसभा चुनाव से पहले एक रेस्तरां में मारपीट के कारण नलपाड को गिरफ्तार किया गया था और करीब चार महीने जेल में रहने के बाद उसे जमानत मिली थी। इस घटना को लेकर तब विपक्ष ने सिद्धरामय्या सरकार को घेरा था। इसके कारण पिछले विधानसभा चुनाव में हैरिस का टिकट भी खतरे में पड़ गया था। हालांकि, हैरिस को अंतत: टिकट मिल गया था। अब वे मंत्री के दावेदारों में शामिल हैं।