
मैसूरु. पुष्पांजलि संस्था की ओर से गोकुलम मोहल्ला के कृष्णमंदिर के पास अलवर भवन परिसर में श्रावण मास के अंतिम सोमवार को रुद्राभिषेक कार्यक्रम आयोजित किया गया। पंडित बद्रीप्रसाद ने वैदिक मंत्रोच्चार से शिवलिंग पर दूध, जल, बिल्वपत्र, धतूरा, भांग, शहद, घी, नारियल पानी आदि से अभिषेक किया। अनुष्ठान के द्वारा प्रदेश के कोडुगू एवं केरल राज्य में आई बाढ़ में मृत लोगों की आत्मा की शांति की कामना एवं स्थिति सुधरने की कामना की गई। भजन कलाकार हितेश जैन ने राजस्थानी भजनों की प्रस्तुति दी। मौके पर मनोज केडिय़ा, नवीन गुप्ता, अरुण बगडिय़ा, सुनील मोदी आदि मौजूद थे। संचालक सुनीता बगडिय़ा व राम अवतार बिहानी थे।
जैन विद्या कार्यशाला
मण्ड्या. तेरापंथ सभा की ओर से जैन विद्या कार्यशाला का आयोजन मुख्य बाजार स्थित तेरापंथ सभा भवन हुआ। कार्यशाला में भाग लेने वाले परीक्षार्थियों ने 14 व 25 बोल पर प्रश्नों के उत्तर भरे। तेरापंथ सभा मंत्री भंवरलाल गोखरु, तेरापंथ युवक परिषद अध्यक्ष राकेश कुमार भंसाली, उपाध्यक्ष कमलेश गोखरु, सह मंत्री प्रवीण कुमार दक, संगठन मंत्री राजेश खींवसरा आदि मौजूद थे।
रात न होती तो विश्राम न होता
बेंगलूरु. शांतिनगर जैन श्वेताम्बर मूर्तिपूजक संघ की ओर से आयोजित प्रवचन में आचार्य महेन्द्रसागर सूरी ने कहा कि रात इसलिए है कि लोग दिन भर शारीरिक परिश्रम करके थके होने के कारण विश्राम कर सकें। दिन इसलिए है कि रात को सोकर उठने के बाद जीवन में कुछ होने के लिए और कुछ हासिल करने के लिए मेहनत कर सकें। उन्होंने कहा कि रात न होती तो विश्राम न होता और दिन न होता तो व्यक्ति कुछ हो भी नहीं हो सकता। दिन उसे कुछ होने का मौका देता है।
व्यक्ति को सौम्य बनना चाहिए
बेंगलूरु. जिन कुशल सूरी आराधना भवन बसवनगुड़ी में धर्मसभा को संबोधित करते हुए साध्वी प्रियरंजनाश्री ने कहा कि व्यक्ति को सौम्य बनना चाहिए। व्यक्ति की आकृति यदि सौम्य है तो क्रोधी व्यक्ति भी सौम्य बन जाएगा। व्यक्ति की वाणी यदि सौम्य है तो दूसरा व्यक्ति भी नम्र बन जाएगा। स्वभाव में क्रोध, मान, माया, लोभ न रखें।