
Kumaraswamy on Karnataka SEC: भारी उद्योग और इस्पात मंत्री एच.डी. कुमारस्वामी ने कर्नाटक में चुनाव अधिकारियों द्वारा स्पेशल इंटेंसिव रिविजन (SIR) प्रक्रिया को लेकर किए जा रहे कामकाज पर सवाल उठाए हैं। केंद्रीय मंत्री ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग के कुछ अधिकारी इस अहम मामले को बहुत हल्के में ले रहे हैं और दोषियों के रंगे हाथों पकड़े जाने के बावजूद उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं की जा रही है। उन्होंने कहा कि वह इस मुद्दे को लेकर सीधे नई दिल्ली में भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) के पास शिकायत दर्ज कराएंगे।
एचडी कुमारस्वामी ने आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ कांग्रेस रामनगर (बेंगलुरु दक्षिण जिला) में मतदाताओं की सूची में बांग्लादेश से आए अवैध प्रवासियों को शामिल करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने मीडियो को संबोधित करते हुए कहा कि रामनगर में मतदाता सूचियों के विशेष गहन संशोधन (एसआईआर) के दौरान चुनाव आयोग के मानदंडों का उल्लंघन किया जा रहा है।
इसे एसआईआर घोटाला बताते हुए कुमारस्वामी ने रामनगर के एक सामुदायिक सभागार में आयोजित प्रक्रिया का एक वीडियो जारी किया। केंद्रीय मंत्री ने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार न केवल रामनगर में, बल्कि कर्नाटक के अन्य हिस्सों में भी एसआईआर प्रक्रिया को बाधित करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने मांग की कि रामनगर के उपायुक्त को तत्काल निलंबित किया जाए और कथित अनियमितताओं के लिए जिम्मेदार सभी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू की जाए।
उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री के निर्देश पर बांग्लादेश से आए अवैध प्रवासियों सहित हजारों फर्जी मतदाताओं के लिए दस्तावेज तैयार करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने चुनाव आयोग से तत्काल हस्तक्षेप करने और कथित अनियमितताओं को समाप्त करने का आग्रह किया। एसआईआर में कथित अनियमितताओं का जिक्र करते हुए कुमारस्वामी ने कहा कि ये अनियमितताएं लोकतंत्र की स्थिति को दर्शाती हैं। यह उस पार्टी का काम है जो संविधान को कायम रखने का दावा करती है।
वीडियो का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि घर-घर जाकर सत्यापन करने के बजाय, हजारों लोगों को रामनगर के टीपू नगर स्थित एक सामुदायिक सभागार में इस प्रक्रिया के लिए लाया गया। उन्होंने आगे कहा कि यह अवैध बांग्लादेशी प्रवासियों को मतदान का अधिकार दिलाने की एक सुनियोजित साजिश है। यह राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए सीधा खतरा है।