बांसवाड़ा में आंबापुरा थाना क्षेत्र के छापरिया गांव में पति से अलग रह रही पत्नी ने अपने 21 माह के बेटे की गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद से वह फरार है। वारदात गुरुवार रात करीब 10 बजे की है।
बांसवाड़ा। आंबापुरा थाना क्षेत्र के छापरिया गांव में पति से अलग रह रही पत्नी ने अपने 21 माह के बेटे की गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद से वह फरार है। वारदात गुरुवार रात करीब 10 बजे की है। छापरिया पूर्व सरपंच विजय लाल ने गुरुवार रात करीब 12 बजे फोन पर सूचना दी कि गांव की एक महिला अपने की बेटे की हत्या कर भाग गई। पुलिस मौके पर पहुंची तो 21 माह के आयुष का शव उसके नाना के घर के आंगन में पड़ा था। जबकि, उसकी मां आशा मौके से फरार थी।
आशा मायके में रह रही थी। उसकी ससुराल एमपी बॉर्डर के सुरवानिया गांव में है। आशा के पिता ने पुलिस को बताया कि वह स्वयं उनकी पत्नी व बेटे के साथ पास गांव में नोतरे में गए थे। रात करीब 10 बजे लौट तो आयुष का शव आंगन में पड़ा था और आशा घर में नहीं थी। पुलिस के सूचना देने पर आरोपी का पति दिलीप गुजरात से बांसवाड़ा पहुंचा और पत्नी के खिलाफ हत्या कर फरार होने की रिपोर्ट दर्ज कराई।
पुलिस की जांच में पता चला कि आशा का पति दिलीप गुजरात में रह कर मजदूरी करता है। आशा उसकी दूसरी पत्नी है, तो वहीं दिलीप भी आशा का दूसरा पति है। दोनों में अनबन के कारण कई माह से आशा मायके में ही रह रही थी।
पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टर ने बताया कि ने मृतक की उम्र करीब 2 वर्ष थी। बच्चे की मौत दम घुटने से हुई। मासूम का गला और मुंह दबाने से दम घुटा और मौत हो गई।
रात में शव को सुरक्षित रखवा दिया था। इसके बाद सुरवानिया और छापरिया दोनों गांव के लोगों की मौजूदगी शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद शव का दाह संस्कार कर दिया गया है। आशा की तलाश में दो टीम लगाई गई है।
जीवत राम, आंबापुरा थानाधिकारी