
कुशलगढ़. बांसवाड़ा. कांग्रेस की ओर से गुरुवार मध्य रात्रि में जिले की पांच में से चार सीटों पर प्रत्याशी घोषित करने के बाद कुशलगढ़ सीट का राष्ट्रीय स्तर से लोकतांत्रिक जनता दल से गठबंधन की सुगबुगाहट पर विरोध शुरू हो गया है। कांग्रेस की ओर से सूची में कुशलगढ़ सीट के प्रत्याशी का नाम नही आने पर शुक्रवार को सुबह कांग्रेस कार्यकर्ता एवं पदाधिकारी प्रधान रमिला खडिय़ा के निवास पर एकत्रित हुए। यहां पीसीसी सदस्य हंसमुख सेठ व रजनीकांत खाब्या की मौजूदगी में सभा करने के साथ ही ऐलान किया कि किसी भी स्थिति में गठबंधन को स्वीकार नही किया जाएगा। यदि गठबंधन में किसी अन्य को टिकट दिया जाता है तो यहां निर्दलीय चुनाव लड़ा जाएगा। इसी बीच पीसीसी सदस्य सेठ ने स्पष्ट कहा कि कांग्रेस का पिछले चुनाव में हजारों का वोट बैंक था, जिसके पास वोट बैंक ही नहीं है, उसे टिकट देना बर्दाश्त नही हैं। कार्यकर्ताओं ने कहा कि जब यहां परंपरागत कांग्रेस का वोट बैंक है तो फिर गठबंधन क्यों। बैठक के दौरान बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे। इधर, दोपहर बाद कुशलगढ़ व सज्जनगढ़ ब्लॉक के पदाधिकारीयों व कार्यकर्ताओं की बैठक मंगलेश्वर महादेव मंदिर पर हुई, जिसमें भी रोष जताया गया।
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हम अपने दम पर लड़ेंगे
बैठक में सज्जनगढ़ ब्लॉक अध्यक्ष रमेश लबाना व कुशलगढ़ ब्लॉक अध्यक्ष जंयतीलाल कोवालिया ने कहा कि कुशलगढ़ विधानसभा में पार्टी अपने दम पर चुनाव लडऩे में सक्षम है ऐसी स्थिति में किसी पार्टी से कोई समझौता व गठबंधन स्वीकार नहीं किया जाएगा। गठबंधन जैसे निर्णय से पार्टी को नुकसान होगा। दोनों ब्लॉक अध्यक्षों ने बताया कि अभी नामांकन में दो दिन का समय है। कोर कमेटी के सदस्य पार्टी आलाकमान को कार्यकर्ताओं की भावना व पार्टी की क्षेत्र में स्थिति से अवगत कराएंगे।