Highway Accident बाराबंकी में सोमवार सुबह दर्दनाक सड़क हादसे ने एक परिवार को तबाह कर दिया। तेज रफ्तार अज्ञात वाहन की टक्कर से कार सवार मां और बेटे की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गई। हादसे से हाईवे पर लंबा जाम लग गया।
Accident Lucknow-Gonda National Highway: उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में सोमवार की सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। मसौली थाना क्षेत्र के बिरौली गांव स्थित समीर इंटरनेशनल स्कूल के पास तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने एक कार को जबरदस्त टक्कर मार दी। हादसा इतना भीषण था कि कार चला रहे बेटे और उसकी बुजुर्ग मां की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि बेटे की पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गई। दुर्घटना के बाद लखनऊ-गोंडा राष्ट्रीय राजमार्ग पर लंबा जाम लग गया, जिसे पुलिस ने घंटों की मशक्कत के बाद खुलवाया।
मृतक परिवार लखनऊ से अपने घर श्रावस्ती लौट रहा था। कार चला रहे व्यक्ति की पहचान संतोष कुमार मिश्रा (50 वर्ष) के रूप में हुई है। उनके साथ कार में उनकी मां शांति देवी (75 वर्ष) और पत्नी संतोषी देवी मौजूद थीं। सुबह का समय होने के कारण सड़क पर यातायात सामान्य था, लेकिन तभी तेज रफ्तार से आ रहे एक अज्ञात वाहन ने उनकी कार को जोरदार टक्कर मार दी। स्थानीय लोगों के मुताबिक, टक्कर इतनी तेज थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त होकर अनियंत्रित हो गई और सड़क के किनारे जा गिरी। हादसे की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर दौड़ पड़े।
हादसे के बाद स्थिति बेहद भयावह थी। कार चालक संतोष कुमार मिश्रा का शव कार में बुरी तरह फंसा हुआ था। उनकी मां शांती देवी भी गंभीर रूप से घायल अवस्था में थीं और कुछ ही पलों में उन्होंने दम तोड़ दिया। सूचना मिलते ही मसौली थाना पुलिस मौके पर पहुंची। हालात को देखते हुए कार को काटने के लिए गैस कटर मंगवाया गया। कड़ी मशक्कत के बाद क्षतिग्रस्त वाहन को काटकर शवों को बाहर निकाला गया। यह दृश्य देखकर मौके पर मौजूद लोगों की आंखें नम हो गईं।
हादसे में संतोष कुमार मिश्रा की पत्नी संतोषी देवी गंभीर रूप से घायल हो गईं। पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें तत्काल एंबुलेंस से नजदीकी अस्पताल भेजा गया, जहां से हालत नाजुक देखते हुए उन्हें उच्च चिकित्सा केंद्र के लिए रेफर कर दिया गया। डॉक्टरों के अनुसार, महिला की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है।
दुर्घटना के बाद लखनऊ-गोंडा राष्ट्रीय राजमार्ग पर कई किलोमीटर लंबा जाम लग गया। सड़क के दोनों ओर वाहनों की कतारें लग गईं। सुबह दफ्तर, स्कूल और जरूरी काम से निकलने वाले लोग घंटों जाम में फंसे रहे। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर ट्रैफिक को नियंत्रित करने का प्रयास किया। क्षतिग्रस्त कार को हटाने और शवों को बाहर निकालने में समय लगा, जिसके कारण जाम और बढ़ गया। करीब कई घंटों की मशक्कत के बाद पुलिस ने यातायात सुचारु कराया।
थाना प्रभारी निरीक्षक मसौली ने बताया कि हादसे को अंजाम देने वाला वाहन मौके से फरार हो गया। पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है, ताकि अज्ञात वाहन और उसके चालक की पहचान की जा सके।
उन्होंने कहा कि “हादसा बेहद गंभीर है। अज्ञात वाहन की पहचान के लिए CCTV फुटेज देखी जा रही है। मृतकों के परिजनों को सूचना दे दी गई है। शवों को पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय की मर्चरी भेजा गया है। तहरीर मिलने पर मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।”
एक ही परिवार के दो सदस्यों की अचानक मौत से उनके गांव और रिश्तेदारों में शोक की लहर है। संतोष कुमार मिश्रा अपने परिवार के मुख्य सहारा थे। मां-बेटे की एक साथ मौत ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि संतोष एक सरल और मिलनसार व्यक्ति थे। उनकी असमय मौत ने सभी को झकझोर दिया है।
स्थानीय प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अज्ञात वाहन की रफ्तार बेहद तेज थी। अगर वाहन की गति नियंत्रित होती, तो शायद इतना बड़ा हादसा टल सकता था। यह दुर्घटना एक बार फिर तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाने के खतरों की ओर इशारा करती है।
पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपे जाएंगे, ताकि अंतिम संस्कार किया जा सके।