बारां

अंता उपचुनाव: प्रमोद जैन भाया की पत्नी ने क्यों भरा नामांकन? पर्चा रद्द होने का डर या कुछ और वजह…जानें

Anta Assembly By-election: बारां जिले की अंता विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव में पूर्व मंत्री प्रमोद जैन भाया की पत्नी उर्मिला जैन भाया के नामांकन ने सियासी गलियारों में हलचल मचा दी है।
2 min read
Oct 19, 2025
Urmila Jain Bhaya
फोटो- पत्रिका नेटवर्क

Anta Assembly By-election: बारां जिले की अंता विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव में पूर्व मंत्री प्रमोद जैन भाया की पत्नी उर्मिला जैन भाया के नामांकन ने सियासी गलियारों में हलचल मचा दी है। शनिवार को उर्मिला जैन ने कांग्रेस की ओर से अचानक नामांकन दाखिल किया, जिसके बाद तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं।

इस कदम के बाद कई सवाल खड़े हो गए हैं। क्या उर्मिला जैन डमी प्रत्याशी के तौर पर मैदान में हैं, या फिर कांग्रेस को प्रमोद जैन भाया के नामांकन पर कोई आशंका है?

उर्मिला जैन के नामांकन ने चौंकाया

उर्मिला जैन वर्तमान में बारां की जिला प्रमुख हैं। उन्होंने शनिवार को अंता उपचुनाव के लिए नामांकन दाखिल किया। इस दौरान पूर्व विधायक पानाचंद मेघवाल और उनके प्रस्तावक मौजूद रहे। उनके इस कदम ने स्थानीय राजनीतिक हलकों में अटकलों को जन्म दिया है। अंता उपचुनाव में अब तक चार प्रत्याशी मैदान में हैं, लेकिन मुकाबला त्रिकोणीय होने की संभावना जताई जा रही है।

कांग्रेस के प्रमोद जैन भाया, भाजपा प्रत्याशी मोरपाल सुमन और निर्दलीय उम्मीदवार नरेश मीणा के बीच कड़ा मुकाबला होने की उम्मीद है। ऐसे में उर्मिला जैन के नामांकन ने सभी को हैरान कर दिया है।

प्रमोद जैन भाया के खिलाफ 8 FIR

चर्चाओं का केंद्र यह है कि क्या कांग्रेस और प्रमोद जैन भाया को उनके नामांकन को लेकर कोई खतरा महसूस हो रहा है? दरअसल, पूर्व मंत्री प्रमोद जैन भाया के खिलाफ बारां, अंता और मांगरोल के विभिन्न पुलिस थानों में 8 FIR दर्ज हैं। इनमें IPC की धारा 379 (चोरी), 384 (उगाही), 420 (धोखाधड़ी), 120-बी (आपराधिक षडयंत्र), 413, 426, 400, 467, 468 और 471 जैसी गंभीर धाराएं शामिल हैं।

खास तौर पर धारा 420 और 120-बी के तहत दर्ज मामले गंभीर हैं, क्योंकि धारा 420 में सात साल तक की सजा हो सकती है। खुद भाया ने सार्वजनिक मंचों पर इन FIR का जिक्र करते हुए कहा है कि कुछ मामले तो विकास कार्यों की मंजूरी को लेकर दुर्भावनापूर्वक दर्ज किए गए हैं।

कांग्रेस की रणनीति या मजबूरी?

राजनीतिक जानकारों का मानना है कि कांग्रेस ने हर संभावित परिस्थिति को ध्यान में रखते हुए उर्मिला जैन को डमी प्रत्याशी के तौर पर नामांकन कराया है। यदि किसी कारणवश प्रमोद जैन भाया का नामांकन रद्द होता है, तो उर्मिला जैन को कांग्रेस का अधिकृत उम्मीदवार बनाया जा सकता है। पार्टी के रणनीतिकारों का मानना है कि यह कदम एक सुरक्षा कवच के रूप में उठाया गया है।

त्रिकोणीय मुकाबले की संभावना

अंता उपचुनाव में मुकाबला और दिलचस्प हो गया है। भाजपा और कांग्रेस के प्रत्याशियों के अलावा निर्दलीय उम्मीदवार नरेश मीणा ने भी ताल ठोकी है। नरेश मीणा ने नामांकन से पहले राहुल गांधी को संदेश देकर कांग्रेस से टिकट की मांग की थी, लेकिन पार्टी ने अनुभवी और दो बार विधायक रह चुके प्रमोद जैन भाया पर भरोसा जताया। अब उर्मिला जैन के नामांकन ने इस उपचुनाव को और रोचक बना दिया है।

Updated on:
19 Oct 2025 05:13 pm
Published on:
19 Oct 2025 05:13 pm