बारां शहर में व्यापारी से फिरौती वसूली के मामले में प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए बुधवार को बड़ी कार्रवाई की। नगरपरिषद और पुलिस की संयुक्त टीम ने फरार आरोपी सैफ अली के ओड़पुरा बस्ती स्थित मकान पर बुलडोजर चलाकर उसे ध्वस्त कर दिया।
बारां। शहर में व्यापारी से फिरौती वसूली के मामले में प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए बुधवार को बड़ी कार्रवाई की। नगरपरिषद और पुलिस की संयुक्त टीम ने फरार आरोपी सैफ अली के ओड़पुरा बस्ती स्थित मकान पर बुलडोजर चलाकर उसे ध्वस्त कर दिया। इस दौरान करीब 150 पुलिसकर्मियों की मौजूदगी में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए।
कार्रवाई के समय नगरपरिषद आयुक्त भुवनेश मीणा, उपखंड मजिस्ट्रेट विश्वजीत सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजेश चौधरी, डीएसपी हरिराम सोनी, भजनलाल जांगिड़ और कोतवाली प्रभारी हीरालाल पूनिया सहित कई अधिकारी मौके पर मौजूद रहे।
पुलिस के अनुसार, 24 अप्रेल को कांच व्यापारी सतीश गोड़ का रिवॉल्वर की नोक पर अपहरण कर उसे झालावाड़ रोड स्थित एक खेत की टापरी में ले जाया गया। आरोपियों ने एक करोड़ रुपए की फिरौती मांगी और करीब 10 घंटे बाद 14 लाख रुपए वसूल कर उसे छोड़ दिया। मामले में अब तक 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। रिमांड पर चल रहे आरोपियों से 8 लाख रुपए नकद और वारदात में प्रयुक्त कार भी जब्त की गई है, जबकि मुख्य आरोपी सैफ अली अभी फरार है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी का मकान पहले से अतिक्रमण में चिन्हित था। जांच में सहयोग नहीं करने और फरार रहने के चलते प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए मकान को ध्वस्त कर दिया। पुलिस ने साफ चेतावनी दी कि “अपराधी अपराध छोड़ दें या बारां छोड़ दें।”
कार्रवाई के दौरान क्षेत्र में आवाजाही पूरी तरह नियंत्रित रखी गई। कब्रिस्तान रोड और आसपास पुलिस ने नाकाबंदी कर दी थी। लोगों की भीड़ को मौके तक पहुंचने से रोका गया और जरूरी काम से जाने वालों को वैकल्पिक रास्तों से निकाला गया। पूरे घटनाक्रम के दौरान कानून-व्यवस्था बनी रही।
कार्रवाई के बाद व्यापार महासंघ ने प्रस्तावित बारां बंद वापस ले लिया। महासंघ अध्यक्ष योगेश कुमरा ने बताया कि पुलिस ने समय पर कार्रवाई कर आरोपियों को गिरफ्तार किया और फिरौती की रकम बरामद की। साथ ही बुलडोजर कार्रवाई से व्यापारियों में सुरक्षा का विश्वास बढ़ा है।