
व्यापारी सतीश गौड़ (फोटो-पत्रिका नेटवर्क)
बारां। शहर के कांच (गिलास) व्यापारी का अपहरण कर फिरौती वसूलने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। बदमाशों ने व्यापारी का शुक्रवार सुबह अपहरण किया और एक करोड़ रुपए की मांग की, लेकिन 14 लाख रुपए लेकर शाम को व्यापारी को छोड़ दिया।
व्यापारी ने शनिवार सुबह अन्य व्यापारियों को घटना की जानकारी दी। इसके बाद शनिवार शाम कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर कुछ संदिग्धों को पूछताछ के लिए थाने बुलाया है। अन्य संदिग्धों की तलाश में कोटा समेत आसपास के क्षेत्र में टीमे रवाना की है।
शहर के कोटा रोड निवासी व्यापारी सतीश गौड़ ने बताया कि वह शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे पंजाब बैंक की गली में अपनी दुकान जा रहे थे। इसी दौरान वे कब्रिस्तान क्षेत्र स्थित एक देवस्थान पर दर्शन करने चले गए। वहां पहले से मौजूद चार युवकों ने उन्हें जबरन पकड़ लिया और कार में डालकर तेल फैक्ट्री क्षेत्र के पास खेत में बनी एक टापरी में ले गए। वहां रिवाल्वर तानकर उनके साथ मारपीट की गई, कपड़े उतरवाकर डराया-धमकाया और एक करोड़ रुपए की मांग की गई।
शाम 5 बजे तक एक करोड़ नहीं देने पर जान से मारने की धमकी दी। घर पर फोन कराकर रुपए मंगवाए तो घर पर मौजूद छह लाख रुपए मुनीम के माध्यम से मंगवाकर दिए। उसके बाद बदमाशों ने व्यापारी के बैंक खातों की जानकारी लेकर करीब 8 लाख रुपए निकलवाए। कुल 14 लाख रुपए मिलने पर शाम करीब 5 बजे उन्हें छोड़ दिया गया। साथ ही 15 लाख रुपए दूसरे दिन देने समेत 36 लाख रुपए की मांग की।
घटना की जानकारी शनिवार सुबह सामने आई। इसके बाद व्यापार महासंघ अध्यक्ष योगेश कुमरा बाटा और देवकी नन्दन बंसल की अगुवाई में व्यापारियों के एक प्रतिनिधि मंडल ने पुलिस अधीक्षक से भेंट कर उन्हें मामले की जानकारी दी। व्यापारियों ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। पुलिस उप अधीक्षक हरिराम सोनी ने बताया कि व्यापारी की रिपोर्ट पर 7 लोंगों के खिलाफ अपहरण, मारपीट और फिरौती का मामला दर्ज किया गया है। आरोपियों की तलाश की जा रही है।
व्यापारियों ने ज्ञापन में शहर में हाल ही में चलाए गए यातायात अभियान पर भी नाराजगी जताई। आरोप लगाया कि प्रताप चौक व धर्मादा संस्था चौराहे पर फिजूल चालान बनाए गए और यातायात अधिकारी की ओर से अभद्र व्यवहार किया गया। व्यापारियों ने कहा कि शहर में पर्याप्त पार्किंग व्यवस्था किए बिना इस तरह के अभियान नहीं चलाए जाएं। महासंघ ने यातायात अधिकारी के स्थानांतरण की मांग करते हुए चेतावनी दी कि व्यापारियों को परेशान करने वाली कार्यप्रणाली बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
पीड़ित व्यापारी सतीश गौड़ ने बताया कि आरोपियों में से वह 1-2 युवकों को पहले से जानता है। इनमें एक युवक उसकी दुकान पर कांच लेने के लिए आता रहता था। आरोपियों से उसकी किसी तरह की दुश्मनी और कहासुनी नहीं है।
Updated on:
25 Apr 2026, 6:55 PM IST
Published on:
25 Apr 2026, 5:25 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.