दोस्तों की इस अनोखी पहल के बाद लोगों ने दोस्तों के इस ग्रुप का नाम ही पैड बैंक रख दिया है।
बरेली। कहते है चार लोग अगर साथ मिल जाए तो कोई भी काम मुश्किल नहीं है। कुछ ऐसा ही कर दिखाया है बरेली के रहने वाले दोस्तों के ग्रुप ने। इन दोस्तों ने कुछ ऐसा काम किया है कि हर कोई इनकी तारीफ़ कर रहा है। दरअसल में इन दोस्तों के ग्रुप ने गरीब महिलाओं की सुविधा के लिए पैड बैंक की शुरुआत की है। ये पैड बैंक गरीब घर की महिलाओं को सेनेटरी पैड मुहैया कराता है। दोस्तों की इस अनोखी पहल के बाद लोगों ने दोस्तों के इस ग्रुप का नाम ही पैड बैंक रख दिया है।
सैनेटरी पैड के प्रति करते है जागरूक
बरेली के वीर सावरकर नगर कॉलोनी के रहने वाले बीसीए छात्र चित्रांश सक्सेना और उसके 15 दोस्तों का ग्रुप कुछ नया करना चाहता था। दोस्तों के इस ग्रुप में करीब आठ लड़कियां भी शामिल है।दोस्तों का ये ग्रुप अक्षय कुमार की फिल्म पैड बैंक से इतना प्रभावित हुआ कि इन लोगों ने महिलाओं के लिए पैड उपलब्ध कराने की ठान ली। गरीब महिलाओं को सेनेटरी पैड उपलब्ध कराने के लिए इन लोगों ने पैड बैंक की शुरुआत कर दी। डेलापीर के पास वीर सावरकर नगर में पैड बैंक को खोला गया है। इस पैड बैंक में 15 दोस्त है जो इस अनोखे बैंक का काम संभालते है। ये सभी छात्र छात्राएं अलग अलग कॉलेज में पढ़ाई कर रहे है और अपनी पॉकेट मनी से पैड बैंक चला रहे हैं।
महिला सदस्य करती है काम
ये लोग गाँव और शहर के आसपास के इलाके में जाकर महिलाओं और किशोरियों को जागरूक कर सैनेटरी पैड इस्तेमाल करने की सलाह देते है और अगर उनके पास पैड खरीदने के पैसे नही है तो उन्हें निःशुल्क पैड दिए जाते है। महिलाओं और किशोरियों को सैनेटरी पैड के प्रति प्रेरित करने का काम पैड बैंक की लड़कियां बख़ूबी अंज़ाम दे रही है और उन्हें जागरूक भी कर रही है। धीरे धीरे ये बैंक जिले में प्रसिद्ध हो रहा है और इस समय करीब 75 महिलाएं और किशोरियों के इस बैंक में एकाउंट खोले जा चुके है।