- लम्बे समय से समस्या, नहीं समाधान
- पूर्व में हो चुकी कई घटनाएं, लोग हुए चोटिल
- वाहनों को पहुंचा रहे नुकसान, घरों में घुसने से लोगों में डर
सिवाना. शहर में बेसहारा पशुओं की भरमार लोगों के लिए परेशानी का सबब बनी हुई है। ये आपस में झगड़ते लोगों के चोटिल होने की कई घटनाएं हो चुकी हैं। शनिवार को भी दो सांड आपस में भिड़ गए और लड़ते-लड़ते गली में खड़े वाहनों का नुकसान कर दिया। ग्राम पंचायत की अनदेखी के चलते शहर में गांधी चौक, बालोतरा रोड, मोकलसर रोड, बस स्टेशन आदि जगहों पर बेसहारा पशुओं की भरमार है। गांधी चौक में सब्जी मंडी के सामने मुख्य सड़क के पास बेसहारा पशु मंडराते रहते हैं,क्योंकि सब्जी मंडी होने के कारण लोग खराब सब्जी सड़कों पर डाल देते हैं। इस पर मंडराते पशु आपस में भिडऩे से कई बार राहगीर इनकी चपेट में आकर चोटिल हो चुके हैं। वहीं, आसपास के घरों में घुस कर नुकसान भी पहुंचाते हैं। परेशान लोगों ने ग्राम पंचायत से कई बार समस्या समाधान की मांग की, लेकिन समाधान अब तक नहीं हुआ है।
प्रशासन भी मौन- इस समस्या से प्रशासनिक अमला भी अनजान नहीं है। बावजूद इसके ग्राम पंचायत का सहयोग कर समस्या का समाधान करने के लिए ठोस कदम नहीं उठा रहा। एेसे में समस्या दिनोंदिन बढ़ती जा रही है।
अभियान चलाने की जरूरत- इन बेसहारा पशुओं से कस्बे को मुक्त करवाने के लिए अभियान चलाने की जरूरत है। इनकी धड़पकड़ कर गोशालाओं में भेजा जा सकता है, लेकिन अभी तक ग्राम पंचायत प्रशासन ने ठोस कदम नहीं उठाया है।
हर दिन जान जोखिम में- कस्बे में हर गली मोहल्ले में बेसहारा पशु मंडारते रहते हैं। विशेषकर सांडों का हर जगह जमघट नजर आता है। एेसे में घर से बाहर निकलते वक्त लोगों को यह डर सताता रहता है कि कहीं कोई हादसा न हो जाए। बुजुर्ग और बच्चों को तो परिजन घर से बाहर निकालने से भी डरते हैं।