- छह माह से बालोतरा परिवहन कार्यालय में नहीं हो रहा रजिस्ट्रेशन - बाड़मेर, जालोर व जोधपुर में लगातार किए जा रहे ट्रॉलियों के पंजीयन
बालोतरा. सरकारी आदेश को अपनी मनमर्जी से हवा उड़ाने का नमूना कहीं देखना है तो जिला परिवहन कार्यालय बालोतरा में देखा जा सकता है। एक तरफ सरकार ने ट्रैक्टर-ट्राली रजिस्टेशन को लेकर विशेष शिविर लगाए तो दूसरी ओर विभाग छह माह से रजिस्ट्रेशन ही नहीं कर रहा। जबकि आसपास के परिवहन कार्यालय रजिस्टे्रशन कर रहे हैं। विभागीय मनमर्जी का खामियाजा किसान, मजदूर वर्ग को भुगतना पड़ रहा है जो इसके लिए बार-बार कार्यालय के चक्कर काटने को मजबूर है।
सरकार ने परिवहन विभाग को ट्रैक्टर-ट्रॉलियों का अधिकाधिक पंजीयन करने को लेकर 16 अगस्त से 15 सितम्बर 2017 तक विशेष शिविर लगाने के निर्देश दिए थे। साथ ही पंजीयन में सरलीकरण कर बिल की जगह किसानों से शपथ पत्र लिए जिससे की बिल के चक्कर में लोगों को परेशानी न हो। इसके बाद रजिस्ट्रेशन में बढ़ोतरी हुई, लेकिन सितम्बर के बाद यहां के परिवहन विभाग ने अपनी मनमर्जी से ही इस पर अघोषित रोक लगा दी है। इसके चलते छह माह से एक भी रजिस्ट्रेशन नहीं हुआ है,जबकि कई आवेदक लाइन में हैं।
कृषि बाहुल्य क्षेत्र, किसान परेशान- बालोतरा व आसपास के दर्जनों गांवों में रबी व खरीफ की बुवाई की जाती है। किसान अनाज व कृषि सामग्री परिवहन में अक्सर ट्रैक्टर-ट्रॉली का उपयोग करते है। शिविर के दौरान प्रचार-प्रसार नहीं होने पर काफी किसान रजिस्ट्रेशन से वंचित रह गए। अब वे इसके लिए कार्यालय पहुंच रहे हैं, लेकिन यहां पर अघोषित रोक के चलते रजिस्ट्रेशन नहीं हो रहा।
अन्य जिलों में चालू, यहां बंद- विभाग की ओर से ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के पंजीयन की अनिवार्यता के बाद शपथ पत्र के आधार पर लगातार अन्य जिलों में पंजीयन किए जा रहे हैं। जोधपुर , बाड़मेर, जालोर के जिला परिवहन कार्यालयों में ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को रजिस्ट्रेशन हो रहा है, लेकिन जिला परिवहन विभाग बालोतरा ने स्वयं की मनमर्जी से पंजीयन बंद दिया है।
छह माह से परेशान - पिछले वर्ष सितम्बर में ट्रॉली का पंजीयन करवाने को लेकर आवेदन किया था। इसके बाद पंजीयन समेत अन्य शुल्क भी जमा करवा दिए। छह माह से अधिक समय बीत गया, लेकिन पंजीयन नहीं किया जा रहा है। पंजीयन नहीं होने से परेशान हूं। - मदनसिंह, टै्रक्टर-ट्रॉली संचालक देवरिया
लंबित आवेदनों की नहीं जानकारी- ट्रॉलियों का पंजीयन विभागीय नियमानुसार किया जा रहा है। लंबित आवेदनों को जानकारी नहीं है, पता करवाया जाएगा। - अचलाराम मेघवाल, डीटीओ बालोतरा