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बाल वाहिनियों की जांच के लिए चलेगा अभियान

सह महानिरीक्षक पुलिस जयपुर के निर्देश

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school bus

दौसा. जिलेभर में स्कूलों में बालकों को अध्ययन के लिए परिवहन के काम आने वाली बाल वाहिनी अब मापदण्ड पूरे करने के बाद ही चल सकेगी। प्रादेशिक परिवहन विभाग एवं यातायात पुलिस संयुक्त रूप से मिल कर 9 फरवरी तक जांच अभियान चलाएगी। जिस स्कूल के बाल वाहिनियों में कमी होगी उनके खिलाफ कार्यवाही की जाएगी।


उल्लेखनीय हैकि जिले में स्कूलों में चलने वाले वाहनों में से अधिकांश वाहन नियमों की पालना नहीं कर रह हैं। या तो उनके वाहन का रंग पीला नहीं है या फिर उनमें क्षमता से अधिक सवारियां भरी जाती हैं। बालकों की जान जौखिम में डाल कर उनका संचालन किया जा रहा है।


ये होंगे मापदण्ड
जिला परिवहन अधिकारी जगदीश प्रसाद बैरवा ने बताया कि सह महानिरीक्षक पुलिस जयपुर के निर्देश पर स्कूलमें चलने वाले वाहनों का रंग पीला होना चाहिए। स्कूल बस के आगे-पीछे की तरफ ऑन स्कूल डयूटी लिखा होना चाहिए, फस्र्ट एड बॉक्स, स्पीड गवर्नर, खिड़कियां, अग्निशामक यंत्र , स्कूल का नाम, टेलीफोन नम्बर, दरवाजे पर लॉक, स्कूल बैग रखने के लिए पर्याप्त जगह, चालक के साथ शिक्षित सहायक, चालक के पास 5 वर्ष ड्राईविंग का अनुभव आदि की जांच की जाएगी। वहीं वाहन को तेजगति, शराब पीकर व खतरनाक तरीके से वाहन चलाने आदि की जांच की जाएगी।

निर्माण पूरा नहीं किया तो दर्ज होगी एफआईआर


बांदीकुई. जिला परिषद मुख्य कार्यकारी अधिकारी राजेन्द्र कुमार ने मंगलवार को पंचायत समिति कार्यालय का निरीक्षण किया। जहां आवास निर्माण कार्य पूरा नहीं करने व भुगतान उठाने वाले लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए। उन्होंने 1200 श्रमिक कार्ड लम्बित पाए जाने पर नाराजगी जताते हुए नियत समय पर काम पूरा करने की हिदायत दी। निर्माण कार्यों की जांच कराने के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि जो लेखा सहायक काम नहीं कर रहे हैं, उन्हें हटा दिया जाए। 16 ग्राम पंचायतों में मनरेगा काम बंद होने पर सम्बंधित सचिवों को नोटिस देने की बात कही। पंचायत प्रसार अधिकारियों को क्षेत्र में जाकर प्रभावी मॉनीटरिंग करने को कहा। पंचायत समिति की दुकान का किराया वसूलने की हिदायत दी। विकास अधिकारी अजीत सहरिया से योजनाओं की समीक्षा की। (ए.सं.)