होतरड़ा में चल रहा चार दिवसीय महोत्सव सम्पन्न, गंूजे जयकारे,संतों का समागम
समदड़ी पत्रिका.
होतरड़ा गांव में आयोजित बाबा रामदेव मंदिर का चार दिवसीय प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव रविवार को सम्पन्न हुआ। विधि विधान से मंदिर में मूर्तियां विराजित की गई। इसमें हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया।
सारणेश्वर महादेव मंदिर गादीपति महंत अर्जुनभारती के सान्निध्य में रविवार को शुभ वेला में ढोल-ढमाकों व जुलूस के साथ तोरण वंदन किया गया।अभिजीत मुहूर्त में मन्दिर में जयकारों के साथ मूर्ति स्थापना की गई। इसके बाद शिखर पर कलश, दण्ड स्थापना के साथ ध्वजारोहण किया गया। यज्ञ की पूर्णाहुति पर महाआरती उतार महाप्रसादी का भोग लगाया गया। हेलीकॉफ़्टर से पुष्प वर्षा की गई ।
ये रहे मौजूद- कार्यक्रम में सांसद कर्नल सोनाराम चौधरी, विधायक हमीरसिंह भायल, पूर्व विधायक गोपाराम मेघवाल, पूर्व विधायक कानसिंह कोटड़ी, पूर्व जिला प्रमुख बालाराम चौधरी, मूलसिंह भायल, किसान नेता केशरसिंह राठौड़, किसान कांग्रेस प्रदेश सचिव हुकमसिंह अजीत,
उपप्रधान लक्ष्मणसिंह कोटड़ी, पुलिस उप अधीक्षक मांगीलाल मेघवाल, पूर्व डिप्टी जोगाराम चौधरी,सीआइ भंवरलाल चौधरी अजीत, जिला परिषद सदस्य इंदाराम चौधरी, पंचायत समिति सदस्य सीता पटेल, ब्लॉक शिक्षा अधिकारी हनुमानराम चौधरी, पंचायत प्रसार अधिकारी करनाराम पटेल ,बामसीन सरपंच उम्मेदराम, भलरों का बाडा सरपंच भगाराम, पदमाराम सेवाली, हेमाराम मागला, छगनलाल भूरट ने भी शिरकत की।
संतों का समागम- काशी पीठ के स्वामी नरेंद्रानन्द सरस्वती, मठ खरंटिया गादीपति किशनभारती, बगेची गादीपति संत नरसींगदास, मोहनपुरी, हरिभारती, पदमाराम, महंत अर्जुनभारती, तारातरा मठ महंत स्वामी प्रतापपुरी, चौहटन मठ महंत जगदीशपुरी, परेउ महंत ओमकारभारती, मोहनभारती, श्यामनारायण, बलराजगिरी, आनंदगिरि, विश्वम्भभारती, दयानन्दपुरी, निर्मलदास, मृत्युजयपुरी समदड़ी, उमाकांतगिरी खण्डप, दत्तनारायनगिरी, नरोत्तमदास कुण्डल, ख्यालाराम, रामानन्द उमरलाई, तगभारती, शंकरभारती, सत्यनारायण भारती, कैलाशनाथ, लूम्बगिरी, रक्तानन्द, मंगलभारती मौजूद थे । निसं
पाकिस्तान को उसी की भाषा मे जबाव देना होगा
शांति की भाषा पाकिस्तान नहीं समझता है। उसे उसी की भाषा मे जबाव देना होगा । केन्द्र सरकार देश मे समान नियमावली लागू कर धारा 370 को खत्म करें। तभी सही मायने में सबका साथ सबका विकास होगा । होतरड़ा में आयोजित रामदेव मन्दिर प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव में काशी पीठ के जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी नरेंद्रानन्द सरस्वती ने यह बात कही । उन्होंने कहा कि आज कश्मीर की घाटी घायल है। उपासना स्थलों पर गोलियों का निर्माण हो रहा है । सैनिकों पर हमले हो रहे है। वे खुद की सुरक्षा के लिए वे कुछ नहीं कर पा रहे हैं। समाज मे विसंगतियां बढ़ रही है । भारत -पाक का संयुक्त युद्धाभ्यास देश का दुर्भाग्य है । हम दूसरे देशों के साथ अभ्यास कर सकते है, लेकिन पाक के साथ नहीं । स्वामी ने संगठित रहने, शक्ति को पहचाने व विदेशी भगाओ स्वदेशी अपनाओ का संदेश दिया । निसं